हाफिज सईद आतंक का बड़ा सरगना, एनआईए के वारंट पर नेताओं ने की भारत लाने की मांग
श्रीनगर, 12 सितंबर (आईएएनएस)। जम्मू की एनआईए कोर्ट ने लश्कर-ए-तैयबा के प्रमुख हाफिज सईद के खिलाफ एक नया गैर-जमानती वारंट जारी किया गया है। उस पर कश्मीर में आतंकवादियों को हथियार, फंड और निर्देश देने का आरोप है। दो महीनों में उसके खिलाफ जारी किया गया यह दूसरा वारंट है। इसको लेकर नेताओं की प्रतिक्रिया सामने आई है।
भाजपा नेता अल्ताफ ठाकुर ने आईएएनएस से बातचीत करते हुए कहा, "मुंबई से लेकर कश्मीर में जितने भी हमले हुए, ज्यादातर में हाफिज सईद का हाथ रहा। कश्मीरी लड़कों को आतंकी बनाने में हाफिज सईद का बड़ा हाथ है। हम कह सकते हैं कि उसने भारत की खिलाफ एक जंग छेड़ रखी थी। आतंकी संगठनों ने जम्मू-कश्मीर में हमले कर बहुत से लोगों को मरवा दिया। दूसरी बार उसके खिलाफ गैर जमानती वारंट बहुत अच्छा कदम है। हाफिज सईद को लाकर जम्मू-कश्मीर के लाल चौक में फांसी देनी चाहिए।"
भाजपा नेता अल्ताफ ठाकुर ने कहा, "हाफिज सईद, मसूद अजहर और सैयद सलाहुद्दीन, आतंकियों के ये तीन सरगना हैं। इन तीनों ने जम्मू-कश्मीर को दहलाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ी। एनआईए ने वारंट के जरिए बता दिया है कि मोस्ट वांटेड आतंकियों में हाफिज सईद का नाम है।
जम्मू-कश्मीर पुलिस के पूर्व डीजीपी कुलदीप खोडा ने कहा, "आतंकवाद के शुरुआती दिनों से ही लश्कर-ए-तैयबा इसमें शामिल रहा है। अगर आप इसके इतिहास को देखें तो लश्कर-ए-तैयबा 1992 से ही सक्रिय है और हाफिज सईद हमेशा से इसका मुख्य चेहरा रहा है। तब से लश्कर-ए-तैयबा ने जो भी आतंकवादी गतिविधियां की हैं, खासकर कश्मीर और देश के अन्य हिस्सों में, वे पाकिस्तानी तंत्र, खासकर पाकिस्तान की सेना और आईएसआई के समर्थन से की गई हैं।"
कुलदीप खोडा ने कहा, "नौजवान लड़कों को चुनने और ब्रेनवॉश करके आतंक के लिए भेजने का काम हाफिज सईद का था। भारत की ओर से इसके खिलाफ बहुत मुकदमे दायर किए गए हैं, जिसमें साक्ष्य हैं। पाकिस्तान आतंक को खुद ही चला रहा है, उसके पास आतंक की फैक्ट्री है और पाकिस्तान की सेना मालिक है। हाफिज सईद आतंक फैलाने के लिए मैन पावर देने वाला मुख्य किरदार है। यह वैश्विक स्तर पर एक संदेश है कि हिंदुस्तान इसकी बार-बार मांग रहा है, लेकिन पाकिस्तान नहीं दे रहा है।
जम्मू-कश्मीर के पूर्व डीजीपी एसपी वैद ने कहा, "उसने भारत में कुकर्म किए हैं। एनआईए जो भी कर रही है, वह बिल्कुल सही कर रही है। उसके खिलाफ तो सैकड़ों वारंट होने चाहिए।"
--आईएएनएस
एसडी/वीसी
