Aapka Rajasthan

गृह मंत्री का नक्सलवाद को लेकर ऐतिहासिक भाषण था: रविशंकर प्रसाद

नई दिल्ली, 30 मार्च (आईएएनएस)। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा में वामपंथी उग्रवाद से मुक्त करने के प्रयासों पर चल रही चर्चा के दौरान सदन को संबोधित किया। उनके संबोधन को लेकर नेताओं की प्रतिक्रिया सामने आई है।
 
गृह मंत्री का नक्सलवाद को लेकर ऐतिहासिक भाषण था: रविशंकर प्रसाद

नई दिल्ली, 30 मार्च (आईएएनएस)। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा में वामपंथी उग्रवाद से मुक्त करने के प्रयासों पर चल रही चर्चा के दौरान सदन को संबोधित किया। उनके संबोधन को लेकर नेताओं की प्रतिक्रिया सामने आई है।

भाजपा सांसद रविशंकर प्रसाद ने कहा कि गृह मंत्री का नक्सलवाद को लेकर ऐतिहासिक भाषण था। उन्होंने देश के सामने स्थिति स्पष्ट की। मोदी सरकार आने के बाद तेजी से विकास हो रहा है, इसके बारे में भी उन्होंने सदन में बात की।

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि गृह मंत्री ने तथ्यों के साथ सच्चाई सामने रखी है। नक्सलवाद, आतंकवाद की जननी है। राहुल गांधी खुद अर्बन नक्सल बन गए हैं। उन्होंने कहा कि 22 देशों में रुपए से कारोबार होता है। कांग्रेस राज में ये पद्धति नहीं अपनाई गई।

रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने कहा कि हम झारखंड की स्थिति देखते थे। झारखंड में दो एसपी की हत्या की गई। एक सांसद की हत्या और एक विधायक की हत्या हुई। नक्सलवाद इतना जबरदस्त था कि नक्सलियों के पकड़े जाने पर ग्रामीण और शहरी क्षत्रों की दुकानें बंद हो जाती थीं। पीएम मोदी ने जनता से जो वादा किया, सभी धरातल पर उतरा।

भाजपा सांसद जगदंबिका पाल ने कहा कि नक्सलवाद समाप्त होना भारत के लिए ऐतिहासिक दिन है। हमारे दामाद ने नक्सलियों से मुठभेड़ की। उनको आठ गोलियां लगीं; आज वो हमारे बीच नहीं है। भारत की भूमि से नक्सलवाद समाप्त होना दूसरी स्वतंत्रता है।

कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने कहा कि सरकार डरी हुई है, क्योंकि देश विकट समस्या का सामना कर रहा है। देश के सामने जो संकट खड़ा हुआ है, उससे ध्यान हटाने के लिए ये इधर-उधर की बात कर रहे हैं। इनके किसी भी शख्स ने गोली नहीं खाई। हमारे लोगों ने सलवा जुडूम में शहादत को कबूल किया है।

समाजवादी पार्टी सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा कि जब नक्सलवाद पर चर्चा करते हुए गृह मंत्री सैनिकों को सलाम कर रहे थे, वहीं, दूसरे सदन, राज्यसभा, में सुरक्षा बलों की पावर को कम करने का बिल लाया जा रहा था। लोकसभा में सैनिकों की तारीफ हो रही है, वहीं राज्यसभा में सैनिकों के मनोबल को गिराने वाला बिल लाया जा रहा है।

--आईएएनएस

एसडी/एमएस