फायर सर्विसेज भर्ती पेपर लीक पर एसीबी का स्पष्टीकरण, अफवाहों को भ्रामक और गलत बताया
जम्मू, 31 मार्च (आईएएनएस)। जम्मू-कश्मीर एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) ने फायर सर्विसेज भर्ती परीक्षा में कथित पेपर लीक को लेकर सोशल मीडिया पर फैलाई जा रही अफवाहों का खंडन किया है। एसीबी ने अपने आधिकारिक 'एक्स' हैंडल से स्पष्टीकरण जारी करते हुए कहा कि कुछ सोशल मीडिया हैंडल भ्रामक और गलत दावे फैला रहे हैं।
एंटी करप्शन ब्यूरो ने स्पष्ट किया कि अभी तक पेपर लीक की कोई पुष्टि नहीं हुई है। मामला वर्तमान में जांच के अधीन है, और सक्षम अधिकारी अभी कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं निकाल पाए हैं। एसीबी ने कहा कि जांच को पुष्ट निष्कर्ष के रूप में पेश करने वाले किसी भी दावे को जल्दबाजी भरा और गलत माना जाएगा।
एसीबी के अनुसार, कुछ सोशल मीडिया हैंडल, खासकर 'जम्मू-कश्मीर सर्विस सिलेक्शन बोर्ड एस्पिरेंट' नामक अकाउंट, दावा कर रहे थे कि एंटी करप्शन ब्यूरो ने पेपर लीक की पुष्टि कर दी है और सरकार ने केवल 106 उम्मीदवारों के खिलाफ कार्रवाई की है, जबकि बाकी सभी को छोड़ दिया गया है। एसीबी ने इन दावों को पूरी तरह भ्रामक बताया है।
ब्यूरो ने आगे स्पष्ट किया कि कुछ उम्मीदवारों की पहचान करना जांच की प्रक्रिया का हिस्सा है। उम्मीदवारी रद्द करने या अन्य प्रशासनिक कार्रवाई प्रथम दृष्ट्या उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर और कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए की जाती है। इसे इस रूप में नहीं देखा जाना चाहिए कि जांच का दायरा सीमित है या अन्य संभावित दोषियों को शामिल नहीं किया जाएगा।
एंटी करप्शन ब्यूरो ने जनता और परीक्षा के उम्मीदवारों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर फैल रही असत्यापित और अधूरी जानकारी पर भरोसा न करें। केवल आधिकारिक स्रोतों से जारी अपडेट और सत्यापित सूचना को ही प्रामाणिक माना जाए।
एसीबी ने कहा कि जांच पूरी होने के बाद सभी तथ्य जनता के सामने रखे जाएंगे और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ब्यूरो ने यह भी स्पष्ट किया कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखना और मेरिट के आधार पर चयन सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता है।
यह स्पष्टीकरण ऐसे समय में आया है जब जम्मू-कश्मीर में फायर सर्विसेज भर्ती परीक्षा को लेकर सोशल मीडिया पर काफी चर्चा और असंतोष व्याप्त था। कई उम्मीदवारों ने पेपर लीक की शिकायत की थी, जिसके बाद एसीबी ने स्वतः संज्ञान लेकर जांच शुरू की थी। एसीबी ने सभी से अनुरोध किया है कि वे जांच प्रक्रिया में सहयोग करें और अफवाहों से बचें।
--आईएएनएस
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