Aapka Rajasthan

पूर्व डीआईजी एचएस भुल्लर मामले में ईडी को बिचौलिए कृष्णू की 8 दिन की रिमांड मिली

चंडीगढ़, 9 अक्टूबर (आईएएनएस)। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को पूर्व डीआईजी एचएस भुल्लर मामले में बड़ी कामयाबी मिली है। ईडी ने बिचौलिए कृष्णू को गिरफ्तार करने के बाद उसकी आठ दिन की रिमांड हासिल कर ली है।
 

चंडीगढ़, 9 अक्टूबर (आईएएनएस)। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को पूर्व डीआईजी एचएस भुल्लर मामले में बड़ी कामयाबी मिली है। ईडी ने बिचौलिए कृष्णू को गिरफ्तार करने के बाद उसकी आठ दिन की रिमांड हासिल कर ली है।

दरअसल, भुल्लर रिश्वत मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने बिचौलिए कृष्णू को गिरफ्तार करने के बाद उसकी आठ दिन की रिमांड हासिल कर ली है। इस दौरान ईडी उससे कथित रिश्वत और मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े मामलों के बारे में पूछताछ करेगी।

जांच एजेंसी कथित रिश्वत की रकम से जुड़े लेन-देन, उसके इस्तेमाल और मामले से जुड़े अन्य वित्तीय पहलुओं की जांच कर रही है। ईडी को उम्मीद है कि कृष्णू से पूछताछ से मामले से जुड़ी अहम जानकारियां सामने आ सकती हैं।

ईडी की ओर से की गई कार्रवाई का एक दूसरा मामला शुक्रवार को मुंबई से सामने आया, जहां ईडी ने भगोड़े डॉन दाऊद इब्राहिम के सहयोगी सलीम इस्माइल डोला और उसके साथियों द्वारा संचालित एक अंतरराष्ट्रीय संगठित मादक पदार्थों की तस्करी गिरोह के खिलाफ नई कार्रवाई में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

ईडी, मुंबई क्षेत्रीय कार्यालय ने प्रवीण उर्फ नागेश रामचंद्र शिंदे और बृजेश कांजीभाई मोराडिया को धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 की धारा 19 के तहत गिरफ्तार किया है। ईडी की जांच मुंबई में विभिन्न कानून प्रवर्तन एजेंसियों द्वारा सलीम डोला और अन्य के खिलाफ मादक पदार्थों और मनोरोगी पदार्थों की अवैध तस्करी से संबंधित अपराधों के लिए दर्ज की गई कई एफआईआर के आधार पर शुरू की गई थी।

ईडी ने एक बयान में कहा कि अब तक की गई जांच से पता चला है कि एक अत्यंत संगठित अंतरराष्ट्रीय आपराधिक नेटवर्क मौजूद है, जो रासायनिक पदार्थों की खरीद, मेफेड्रोन (एमडी) के गुप्त निर्माण, मादक पदार्थों के अंतरराज्यीय परिवहन और वितरण, मादक पदार्थों की अंतरराष्ट्रीय तस्करी, हवाला चैनलों के माध्यम से अपराध की आय का संग्रह और उसे छिपाना, सहयोगियों और अन्य व्यक्तियों के नाम पर चल और अचल संपत्तियों के अधिग्रहण में संलग्न है।

ईडी ने बताया कि जांच में पता चला कि प्रवीण उर्फ नागेश रामचंद्र शिंदे अवैध रूप से एमडी (मेट्रोपॉलिन) के गुप्त निर्माण और इस मादक पदार्थ की अवैध बिक्री से प्राप्त धन के उत्पादन, संचालन, कब्जे, उपयोग और आवागमन से संबंधित गतिविधियों में शामिल था।

--आईएएनएस

डीके/डीकेपी