दिल्ली में नकली और अवैध दवाओं के खिलाफ कार्रवाई तेज
नई दिल्ली, 4 नवंबर (आईएएनएस)। दिल्ली सरकार ने नकली, जाली और अवैध दवाओं के कारोबार पर शिकंजा कसते हुए कार्रवाई तेज कर दी है। स्वास्थ्य विभाग के तहत ड्रग्स कंट्रोल विभाग ने पिछले तीन महीनों में राजधानी भर में व्यापक निरीक्षण और छापेमारी अभियान चलाया है। इस दौरान 569 निरीक्षण किए गए और 272 उल्लंघन पाए गए।
दिल्ली सरकार ने कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में यह सुनिश्चित करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं कि राजधानी में लोगों को केवल सुरक्षित, असली और गुणवत्ता मानकों के अनुरूप दवाएं ही उपलब्ध हों। इसी उद्देश्य से ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट, 1940 के प्रावधानों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है।
ड्रग्स कंट्रोल विभाग द्वारा किए गए निरीक्षणों में 272 उल्लंघन सामने आए, जिनमें 86 मामले आदत बनाने वाली और मनोप्रभावी दवाओं (साइकोट्रॉपिक ड्रग्स) से संबंधित थे।
विभाग ने इस अवधि में 433 कानूनी नमूनों की जांच की। इसके अलावा 43 स्पेसिमेन नमूने भी लिए गए, जिनमें से 26 नमूने नकली या जाली पाए गए।
दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने कहा कि ये आंकड़े ड्रग्स कंट्रोल विभाग के लगातार प्रयासों को दर्शाते हैं। उन्होंने कहा, "नियमित निरीक्षण, नमूनों की जांच और दिल्ली पुलिस तथा नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) जैसी एजेंसियों के साथ संयुक्त छापेमारी के जरिए अवैध दवा कारोबार पर रोक लगाने के लिए बहुआयामी रणनीति अपनाई जा रही है।"
विभाग ने 3,673 सर्वे नमूने और 30 कॉस्मेटिक नमूने भी एकत्र किए। इनमें से 19 नमूनों की जांच की गई, जिनमें दो नमूने गुणवत्ता मानकों पर खरे नहीं उतरे।
इस अवधि के दौरान नकली और जाली दवाओं के कारोबार से जुड़े छह मामले दर्ज किए गए, जबकि बिना लाइसेंस दवाओं और मेडिकल उपकरणों के कारोबार के दो मामले सामने आए। कुल मिलाकर आठ मामलों में अभियोजन की कार्रवाई शुरू की गई है। इसके अलावा दिल्ली पुलिस और एनसीबी के साथ संयुक्त कार्रवाई के दौरान एनडीपीएस एक्ट के तहत छह एफआईआर भी दर्ज की गईं।
हाल ही में ड्रग्स कंट्रोल विभाग ने दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच की साइबर सेल के साथ संयुक्त कार्रवाई करते हुए दरियागंज में करीब 13.29 लाख रुपए मूल्य की संदिग्ध अवैध दवाएं जब्त कीं।
विशिष्ट सूचना के आधार पर पदम चंद मार्ग स्थित टी-प्वाइंट के पास छापेमारी की गई। कार्रवाई के दौरान एक व्यक्ति को पकड़ा गया और उसकी वैगनआर कार से पांच कार्टन दवाएं बरामद की गईं। विभाग ने जांच के लिए तीन कानूनी और तीन स्पेसिमेन नमूने लिए हैं। शेष स्टॉक को जब्त कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने कहा, "दिल्ली के हर नागरिक का स्वास्थ्य और सुरक्षा हमारी प्राथमिकता है। नकली, जाली और बिना अनुमति वाली दवाओं की बिक्री, भंडारण और वितरण के प्रति सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति है। ऐसे कार्य लोगों के जीवन को खतरे में डालते हैं और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।"
उन्होंने कहा कि विभिन्न जांच एजेंसियों के बीच समन्वय और मजबूत किया जाएगा ताकि अवैध आपूर्ति श्रृंखला का पता लगाकर जिम्मेदार लोगों को कानून के दायरे में लाया जा सके।
दिल्ली सरकार ने कहा कि ड्रग्स कंट्रोल विभाग राजधानी में नकली, जाली और बिना लाइसेंस वाली दवाओं के प्रसार को रोकने के लिए निरीक्षण, निगरानी और प्रवर्तन अभियान आगे भी जारी रखेगा।
--आईएएनएस
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