सीएम योगी ने मथुरा में 'फरसा वाले बाबा’ की मौत का संज्ञान लिया, सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए
मथुरा, 21 मार्च (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश सरकार ने मथुरा में एक गोरक्षक की मौत पर तुरंत प्रतिक्रिया दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस घटना का संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को निर्देश दिया है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
चंद्रशेखर उर्फ ‘फरसा वाले बाबा’ की संदिग्ध हालात में मौत के बाद हिंसा भड़क गई है। आक्रोशित भीड़ ने दिल्ली-आगरा हाईवे जाम कर पथराव और तोड़फोड़ की, जिसके बाद पुलिस को लाठीचार्ज और आंसू गैस का सहारा लेना पड़ा है।
मुख्यमंत्री ने जवाबदेही और कानून के पालन के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता को दोहराया है। उन्होंने कहा, "दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों पर भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।"
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार के अनुसार, प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि चंद्रशेखर एक कंटेनर को रोकने का प्रयास कर रहे थे, तभी पीछे से आ रहे ट्रक ने टक्कर मार दी, जिससे उनकी मौत हो गई। उन्होंने बताया कि संबंधित वाहनों और चालकों की पहचान कर ली गई है और सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। घटना को लेकर क्षेत्र में तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है। एहतियातन कई इलाकों में पुलिस बल बढ़ा दिया गया है और आने-जाने वाले रास्तों पर निगरानी रखी जा रही है।
परिजनों और समर्थकों का आरोप है कि चंद्रशेखर गौ-तस्करों का पीछा कर रहे थे। इसी दौरान उन्होंने ट्रक को रोकने की कोशिश की, लेकिन ट्रक चालक ने रफ्तार बढ़ाते हुए उन्हें कुचल दिया और मौके से फरार हो गया। घटना में उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना फैलते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर जमा हो गए और आरोपियों की गिरफ्तारी व एनकाउंटर की मांग को लेकर हाईवे जाम कर दिया। भीड़ ने पुलिस पर पथराव किया, जिसमें कई पुलिसकर्मी घायल हो गए। साथ ही पुलिस की 5-6 गाड़ियों में तोड़फोड़ कर उनके शीशे तोड़ दिए गए।
स्थिति बेकाबू होती देख पुलिस ने लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले छोड़े। इसके बाद भीड़ को तितर-बितर किया गया। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात कर हालात पर काबू पाने की कोशिश जारी है। वहीं, पुलिस प्रशासन का कहना है कि घटना की जांच की जा रही है। प्रशासन ने सुरक्षा के मद्देनजर पूरे क्षेत्र में अलर्ट जारी कर दिया है। फिलहाल, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी स्थानीय लोगों से वार्ता कर स्थिति को सामान्य करने में जुटे हैं, जबकि हिंसा और तोड़फोड़ में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
--आईएएनएस
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