चीन ने किया एक और कमाल : कृषि के क्षेत्र में होगा ओपन एआई सोर्स का इस्तेमाल
बीजिंग, 18 जनवरी (आईएएनएस)। चीन तकनीक के क्षेत्र में लगातार उन्नति कर रहा है, एआई के उद्भव से चीन की गति और तेज हो गई है। एआई का जिस तरह से आगमन हुआ है, उसे देखते हुए हर देश आगे बढ़कर इस दिशा में काम करना चाहता है।
चीन की बात करें तो वह कृत्रिम बुद्धिमत्ता के क्षेत्र में पूरी दुनिया में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। पिछले साल चीनी कंपनी ने डीपसीक जैसा ओपन सोर्स एआई तैयार कर सभी को आश्चर्य में डाल दिया था। लेकिन, विशेषज्ञों को इसमें कोई हैरानी नहीं है कि चीन एआई के फील्ड में लीडर बनने को तैयार है।
इस बीच चीन ने एक और कमाल किया है, वह है कृषि के क्षेत्र में, जो देश का पहला ओपन सोर्स वर्टिकल लार्ज लैंग्वेज मॉडल है। यह आम कृषि क्षेत्र के लिए काम आएगा। चीन के नानचिंग विश्वविद्यालय ने सिनांग नाम का यह मॉडल पेश किया है।
जैसा कि हम जानते हैं कि चीन लगातार नवीन प्रयोग और तकनीकी नवाचार करने में पीछे नहीं रहता है। कृषि के क्षेत्र में भी चीनी वैज्ञानिक नए-नए शोध करते रहते हैं। अब एआई को आधार मानते हुए विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं ने खेती के लिए बेसिक एआई मॉडल रिसर्च और एप्लीकेशन बनाने में सफलता हासिल की है।
बताया जाता है कि इस मॉडल को एक बड़े संरचनात्मक डेटासेट पर प्रशिक्षित किया गया है, जिसमें पशु विज्ञान, कृषि अर्थशास्त्र और प्रबंधन, कृषि रिसोर्स और पर्यावरण, बागवानी, स्मार्ट कृषि, पशुओं की औषधि, पौधों के संरक्षण और फसल प्रजनन आदि क्षेत्रों का विशेष डेटा शामिल है।
ध्यान रहे कि इस एआई मॉडल का नाम कृषि और वित्तीय कामकाज देखने वाले प्राचीन चीनी अधिकारियों के नाम पर रखा गया है। इसमें लगभग 9 हजार किताबों, 2 लाख 40 हजार से अधिक अकादमिक पेपर्स और लगभग 20 हजार नीति संबंधी दस्तावेजों के साथ-साथ इंटरनेट आधारित जानकारी और सूचना को एकीकृत किया गया है।
जानकारी के मुताबिक सिनांग अब मॉडलस्कोप और गिटहब जैसे प्लेटफार्म पर पूरी तरह से ओपन सोर्स है। इस ओपन सोर्स रणनीति का उद्देश्य कृषि सेक्टर में एआई एप्लीकेशन में आने वाली रुकावटों को कम करना, शोध संस्थानों, कंपनियों और विभिन्न डेवलपर्स को नवाचार के लिए सिनांग पर काम करने के लिए मजबूत समर्थन प्रदान करना है, ताकि स्मार्ट एग्रीकल्चर उपायों के लिए एक सही सिस्टम को बढ़ावा मिले।
जैसा कि हम जानते हैं कि चीन में 15वीं पंचवर्षीय योजना लागू होने को है। चीन सरकार व संबंधित एजेंसियां इसके क्रियान्वयन के लिए तैयार हैं, ताकि आगामी पांच वर्षों में चीन को और आर्थिक, सामाजिक स्तर पर और मजबूत बनाया जा सके। इस दौरान चीन एआई के विकास को प्राथमिकता देना जारी रखेगा, इसमें मौलिक अनुसंधान के साथ-साथ ओपन सोर्स पारिस्थितिकी तंत्र और इंडस्ट्रियल ग्रुप्स पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा।
इससे पता चलता है कि चीन में एआई के विकास पर बहुत गंभीरता के साथ काम किया जा रहा है, जो कृषि के क्षेत्र में भी स्पष्ट हो रहा है।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)
--आईएएनएस
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