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भाजपा ढाई साल के काम के आधार पर पंचायत चुनाव में वोट मांगेगी: प्रेमचंद बैरवा

जयपुर, 2 सितंबर (आईएएनएस)। राजस्थान में आगामी पंचायत चुनावों को लेकर सियासी सरगर्मी तेज है। फॉर्म वापसी के आखिरी दिन कांग्रेस की ओर से लगाए गए आरोपों और राज्य सरकार के ढाई साल के कामकाज को लेकर उपमुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा ने भाजपा का पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि नामांकन पत्रों की जांच नियमों और तथ्यों के आधार पर होती है और किसी भी दल के गलत पाए गए फॉर्म निरस्त किए जा सकते हैं। साथ ही, उन्होंने दावा किया कि प्रदेश की जनता सरकार के ढाई साल के काम से संतुष्ट है और आगामी निकाय चुनावों में भाजपा को इसका लाभ मिलेगा।
 

जयपुर, 2 सितंबर (आईएएनएस)। राजस्थान में आगामी पंचायत चुनावों को लेकर सियासी सरगर्मी तेज है। फॉर्म वापसी के आखिरी दिन कांग्रेस की ओर से लगाए गए आरोपों और राज्य सरकार के ढाई साल के कामकाज को लेकर उपमुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा ने भाजपा का पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि नामांकन पत्रों की जांच नियमों और तथ्यों के आधार पर होती है और किसी भी दल के गलत पाए गए फॉर्म निरस्त किए जा सकते हैं। साथ ही, उन्होंने दावा किया कि प्रदेश की जनता सरकार के ढाई साल के काम से संतुष्ट है और आगामी निकाय चुनावों में भाजपा को इसका लाभ मिलेगा।

कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि भाजपा कार्यकर्ताओं और नेताओं की ओर से दबाव बनाकर कांग्रेस प्रत्याशियों के फॉर्म निरस्त करवाए जा रहे हैं। इस पर प्रेमचंद बैरवा ने कहा कि प्रत्येक नामांकन पत्र की जांच की जाती है और जो फॉर्म तथ्यात्मक रूप से सही होते हैं, उन्हें स्वीकार किया जाता है। अगर किसी प्रत्याशी के फॉर्म में गलती पाई जाती है तो नियमानुसार उसे निरस्त किया जाता है।

उन्होंने कहा कि इसमें यह नहीं देखा जाता कि प्रत्याशी भाजपा का है, कांग्रेस का है या किसी अन्य दल से जुड़ा है। नियम सभी के लिए समान हैं। भाजपा अपने स्तर पर सभी जगह एकजुट होकर चुनाव लड़ने की कोशिश कर रही है और जहां भी कोई मतभेद होगा, उसे बातचीत के जरिए दूर किया जाएगा।

राज्य सरकार के कामकाज को लेकर उपमुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले ढाई वर्षों में मुख्यमंत्री के नेतृत्व में प्रदेश के हर वर्ग और क्षेत्र के लिए काम किया गया है। उन्होंने दावा किया कि युवा, महिलाएं, किसान और मजदूर समेत विभिन्न वर्ग सरकार की योजनाओं से लाभान्वित हुए हैं। बैरवा ने कहा कि भाजपा जो कहती है, उसे पूरा करने में विश्वास रखती है। सरकार की ओर से पिछले ढाई साल में कई बड़ी योजनाएं शुरू की गई हैं और प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में विकास कार्य किए गए हैं।

स्कूलों की खराब स्थिति और उन्हें बेहतर बनाने के लिए चलाए जा रहे अभियान पर भी प्रेमचंद बैरवा ने सरकार का बचाव किया। उन्होंने कहा कि जर्जर और समस्याग्रस्त स्कूलों की पहचान पहले से की जा रही थी और जहां जरूरत थी, वहां वैकल्पिक व्यवस्था के माध्यम से शिक्षण कार्य जारी रखा गया। प्रदेश के कई स्कूल पुराने भवनों में संचालित हो रहे हैं, इसलिए उनकी वर्तमान स्थिति को केवल मौजूदा सरकार से जोड़ना सही नहीं है। सरकार ने ऐसे स्कूलों को चिन्हित कर उनके लिए बजट उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू की है।

बैरवा ने आगे कहा कि मुख्यमंत्री की ओर से आवश्यक बजट आवंटित किया गया है और आने वाले समय में जर्जर अवस्था वाले स्कूलों का सुदृढ़ीकरण कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य प्रदेश में बच्चों को बेहतर और सुरक्षित शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराना है।

--आईएएनएस

पीएसके