बिहार: पितृपक्ष मेला से पहले गयाजी में तैयारी तेज, ‘पेंट द सिटी’ से संवर रहे घाट, डीएम ने सड़कों-नालियों का किया निरीक्षण
गयाजी, 1 सितंबर (आईएएनएस)। विश्व प्रसिद्ध पितृपक्ष मेला की तैयारियों को लेकर गयाजी में जिला प्रशासन ने शहर के सौंदर्यीकरण से लेकर सड़क, नाली और जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने का काम तेज कर दिया है। इस वर्ष पितृपक्ष मेला 25 सितंबर से 10 अक्टूबर तक आयोजित होगा, जिसमें देश-विदेश से लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है।
श्रद्धालुओं के स्वागत और गयाजी शहर को आकर्षक स्वरूप देने के लिए जिला प्रशासन की ओर से ‘पेंट द सिटी’ अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत फल्गू नदी के प्रमुख घाटों, मेला क्षेत्र की दीवारों, वेदी स्थलों और संपर्क मार्गों को आकर्षक भित्ति चित्रों से सजाया जा रहा है। इन चित्रों के माध्यम से सनातन संस्कृति, गयाजी तीर्थ के पौराणिक महत्व और बिहार की पारंपरिक कला की झलक दिखाई जा रही है।
देवघाट, विष्णुपद मंदिर क्षेत्र, सीताकुंड और गदाधर घाट सहित प्रमुख मेला स्थलों की दीवारों पर पितृपक्ष के महत्व, भगवान विष्णु के चरण, गया तीर्थ का इतिहास और रामायण के प्रसंगों को चित्रित किया जा रहा है। इसके साथ ही मधुबनी और मंजूषा जैसी लोक कलाओं का भी इस्तेमाल किया जा रहा है।
कलाकृतियों के जरिए स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया जा रहा है। ‘स्वच्छ गया-स्वस्थ गया’, सिंगल यूज प्लास्टिक पर प्रतिबंध और जल संरक्षण जैसे संदेशों को भी चित्रों के माध्यम से प्रदर्शित किया जा रहा है।
प्रशासन का उद्देश्य श्रद्धालुओं को स्वच्छ, सुंदर, भक्तिमय और यादगार वातावरण उपलब्ध कराना है। इसी क्रम में जिला पदाधिकारी शशांक शुभंकर ने मंगलवार को नादरगंज, रामसागर होते हुए चांद चौरा तक पैदल भ्रमण कर मेला क्षेत्र की सड़कों, नालियों, जल निकासी और साफ-सफाई व्यवस्था का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान समाहरणालय के समीप जिला स्कूल के पास सड़क पर बिखरे पत्थरों को तत्काल हटाने का निर्देश नगर आयुक्त को दिया गया।
डीएम ने नगर आयुक्त और बुडको के अभियंताओं को निर्देश दिया कि मेला क्षेत्र में अनावश्यक रूप से सड़क खोदने से बचें। पहले से खोदे गए गड्ढों का पांच दिनों के भीतर समतलीकरण कराने को कहा गया। उन्होंने नालियों की सफाई पर विशेष ध्यान देने तथा जहां भी जलजमाव मिले, वहां दोबारा सफाई कराकर जल निकासी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
पथ निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंता को समाहरणालय से नादरगंज होते हुए रामसागर तक सड़क के दोनों ओर समतलीकरण और आवश्यकता के अनुसार कालीकरण कराने को कहा गया। रामसागर सूर्य मंदिर के पास जमा बारिश के पानी की निकासी की व्यवस्था करने तथा नादरगंज नाले की जेसीबी और सुपर सक्शन मशीन से चार दिनों के भीतर सफाई कराने का निर्देश भी दिया गया।
चांद चौरा स्थित सुधा पार्लर के पास निर्माणाधीन नाली का काम 10 सितंबर तक पूरा कराने को कहा गया। डीएम ने सभी विभागों को निर्देश दिया कि मेला शुरू होने से पहले सड़क, नाली, जल निकासी, सफाई और अन्य मूलभूत सुविधाएं पूरी तरह दुरुस्त कर ली जाएं, ताकि तीर्थयात्रियों को किसी तरह की परेशानी न हो।
निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त, वरीय उप समाहर्ता अंकुर कुमार, बुडको और पथ निर्माण विभाग के अभियंता, जिला पंचायत राज पदाधिकारी, उप नगर आयुक्त, नगर निगम के अभियंता, सफाई प्रभारी, विष्णुपद मंदिर के पुरोहित, स्थानीय जनप्रतिनिधि और आम लोग मौजूद रहे।
--आईएएनएस
एमएनपी/डीकेपी
