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बिहार: आय से अधिक संपत्ति मामले में एडीएम सप्लाई दिवाकर और जिला अवर निबंधक के ठिकानों पर निगरानी की छापेमारी

पटना, 28 सितंबर (आईएएनएस)। बिहार में आय से अधिक संपत्ति के मामले में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने सोमवार को पटना के एडीएम सप्लाई रविंद्र कुमार दिवाकर और उनकी पत्नी सह दानापुर की जिला अवर निबंधक कुमारी स्विटी के ठिकानों पर छापेमारी की। निगरानी ब्यूरो की टीम ने न्यायालय से सर्च वारंट प्राप्त करने के बाद पटना और बेगूसराय स्थित उनके आवास एवं अन्य परिसरों की तलाशी शुरू की।
 

पटना, 28 सितंबर (आईएएनएस)। बिहार में आय से अधिक संपत्ति के मामले में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने सोमवार को पटना के एडीएम सप्लाई रविंद्र कुमार दिवाकर और उनकी पत्नी सह दानापुर की जिला अवर निबंधक कुमारी स्विटी के ठिकानों पर छापेमारी की। निगरानी ब्यूरो की टीम ने न्यायालय से सर्च वारंट प्राप्त करने के बाद पटना और बेगूसराय स्थित उनके आवास एवं अन्य परिसरों की तलाशी शुरू की।

तलाशी के दौरान बड़ी मात्रा में नकदी, आभूषण और निवेश से संबंधित दस्तावेज मिलने की जानकारी सामने आई है।

निगरानी अन्वेषण ब्यूरो के मुताबिक, इस मामले में निगरानी थाना कांड संख्या 113/26 दर्ज किया गया है। मामला आय से अधिक संपत्ति से संबंधित है। प्रारंभिक जांच में रविंद्र कुमार दिवाकर की ज्ञात आय और संपत्ति के बीच करीब 1 करोड़ 6 लाख 85 हजार 900 रुपये की ऐसी संपत्ति का पता चला, जिसे उनकी आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक माना गया है। इसके आधार पर प्राथमिकी दर्ज की गई थी।

प्राथमिकी दर्ज करने के बाद निगरानी ब्यूरो ने न्यायालय से तलाशी वारंट प्राप्त किया। सोमवार को अधिकारियों की अलग-अलग टीमों ने पटना और बेगूसराय स्थित परिसरों में एक साथ तलाशी अभियान शुरू किया। तलाशी के दौरान अधिकारियों को बड़ी मात्रा में नकदी के अलावा सोने-चांदी के आभूषण और विभिन्न निवेशों से जुड़े कागजात मिले हैं।

बताया गया कि निगरानी अधिकारियों बरामद नकदी, जेवरात और दस्तावेजों का विस्तृत आकलन किया जा रहा है। संपत्तियों से संबंधित कागजात की जांच के बाद यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इनमें से कौन-कौन सी संपत्तियां आरोपी अधिकारी और उनके परिवार के ज्ञात आय के स्रोतों के अनुरूप हैं।

जानकारी के मुताबिक, तलाशी अभियान अभी जारी है। कार्रवाई पूरी होने के बाद बरामद नकदी, आभूषण, चल-अचल संपत्ति और निवेश संबंधी दस्तावेजों का मूल्यांकन किया जाएगा। इसके बाद आय से अधिक संपत्ति के मामले में सामने आई कुल संपत्ति का विस्तृत आकलन किया जाएगा।

निगरानी ब्यूरो की इस कार्रवाई के बाद मामले में आरोपी अधिकारी और उनकी पत्नी से जुड़ी संपत्तियों की जांच का दायरा बढ़ सकता है।

--आईएएनएस

एमएनपी/डीकेपी