अमेरिका का आईआरजीसी पर बड़ा हमला, ट्रंप की ईरान को चेतावनी- 'पलटवार किया तो भुगतने होंगे गंभीर नतीजे'
वाशिंगटन, 1 सितंबर (आईएएनएस)। अमेरिकी सेना ने मंगलवार को ईरान में इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) के ठिकानों पर स्ट्राइक किए। इसके साथ ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेतावनी भी दी है कि अगर तेहरान आईआरजीसी पर किए गए हमलों का जवाब देता है तो वाशिंगटन की ओर से कहीं अधिक जोरदार प्रतिक्रिया होगी।
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "आज दोपहर 12 बजे (स्थानीय समय) पर, अमेरिकी बलों ने ईरान में इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) के ठिकानों पर हमला शुरू किया। ये हमले होर्मुज स्ट्रेट में वाणिज्यिक शिपिंग और क्षेत्र में तैनात अमेरिकी सैनिकों के खिलाफ आईआरजीसी द्वारा हाल ही में किए गए हमलों के प्रयासों के बाद किए गए हैं।"
हमलों का यह नया दौर अमेरिका और ईरान के बीच सोमवार रात हुए हमलों के आदान-प्रदान के बाद आया है, जो एक महीने से अधिक समय में दोनों देशों के बीच पहली गोलीबारी थी।
राष्ट्रपति ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट में लिखा, "अमेरिका होर्मुज स्ट्रेट के पास ईरानी ठिकानों पर हमला कर रहा है।" उन्होंने इन हमलों को बड़ा और शक्तिशाली बताते हुए कहा कि यह कार्रवाई ईरान द्वारा होर्मुज स्ट्रेट में समुद्री माइन बिछाने के नाकाम प्रयास और जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य अड्डे पर आठ मिसाइलें दागने के जवाब में की गई है।
इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स के प्रवक्ता सरदार मोहेबी ने एक्स पर लिखा कि अमेरिका को ईरान पर अपने ताजा हमले के लिए पछताना पड़ेगा और उसे कठोर सजा का सामना करना पड़ेगा।
इसके अलावा, ईरानी सशस्त्र बलों के जनरल स्टाफ और खातम अल-अनबिया मुख्यालय ने ईरानी मीडिया आईआरआईबी द्वारा जारी एक बयान में कहा कि सेना अमेरिका के दुष्ट और क्रूर दुश्मन पर करारे और घातक प्रहार करेगी।
बयान में कहा गया है, “अमेरिका की आतंकवादी सेना क्षेत्र में जितनी अधिक बुराई पर अड़ी रहेगी, उसे उतना ही अधिक और भारी नुकसान उठाना पड़ेगा।”
इस बीच, अमेरिकी विदेश विभाग ने मध्य पूर्व में अपने नागरिकों के लिए सुरक्षा अलर्ट जारी किया है, जिसमें उन्हें अधिक सतर्कता बरतने और संभावित उड़ान रद्द होने, हवाई क्षेत्र बंद होने और यात्रा में बाधाओं को लेकर सचेत रहने को कहा गया है।
--आईएएनएस
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