Aapka Rajasthan

28 फरवरी से अब तक लगभग 7.6 लाख भारतीय लौटे स्वदेश : विदेश मंत्रालय

नई दिल्ली, 7 अप्रैल (आईएएनएस)। पश्चिम एशिया संकट के बीच भारत सरकार प्रवासी भारतीयों की स्वदेश वापसी को लेकर गंभीर है। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक 28 फरवरी से अब तक (7 अप्रैल) 7.6 लाख यानी 7 लाख 60 हजार भारतीय स्वदेश लौटे हैं।
 
28 फरवरी से अब तक लगभग 7.6 लाख भारतीय लौटे स्वदेश : विदेश मंत्रालय

नई दिल्ली, 7 अप्रैल (आईएएनएस)। पश्चिम एशिया संकट के बीच भारत सरकार प्रवासी भारतीयों की स्वदेश वापसी को लेकर गंभीर है। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक 28 फरवरी से अब तक (7 अप्रैल) 7.6 लाख यानी 7 लाख 60 हजार भारतीय स्वदेश लौटे हैं।

मंगलवार को पश्चिम एशिया के घटनाक्रमों पर अंतर-मंत्रालयी ब्रीफिंग के दौरान अतिरिक्त सचिव (खाड़ी) असीम आर. महाजन ने अब तक किए उपायों और तैयारियों का ब्योरा दिया।

महाजन ने बताया कि विदेश मंत्रालय खाड़ी और पश्चिम एशिया की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रहा है। राज्यों, मिशनों और स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वय के लिए एक विशेष कंट्रोल रूम और 24/7 हेल्पलाइन सक्रिय हैं। इसके साथ ही नियमित एडवाइजरी जारी की जा रही है।

उन्होंने आगे कहा कि वीजा, ट्रांजिट और लॉजिस्टिक्स में सहायता प्रदान की जा रही है, विशेष रूप से छात्रों और भारतीय क्रू पर ध्यान दिया जा रहा है। जहां-जहां हवाई क्षेत्र खुला है, वहां से उड़ान सेवाएं जारी हैं।

अतिरिक्त सचिव ने जीसीसी की स्थिति से भी अवगत कराया। उन्होंने कहा कि 28 फरवरी से अब तक लगभग 7.6 लाख यात्री भारत लौट चुके हैं। मंगलवार को ही संयुक्त अरब अमीरात से करीब 90 उड़ानों की उम्मीद है, जबकि सऊदी अरब और ओमान से भी सेवाएं जारी हैं। कतर से सीमित उड़ानें संचालित हो रही हैं, जबकि कुवैत और बहरीन का हवाई क्षेत्र बंद है, जहां सऊदी अरब के माध्यम से वैकल्पिक व्यवस्था की गई है।

तेहरान स्थित भारतीय दूतावास ने 1,862 भारतीयों को आर्मेनिया और अजरबैजान के रास्ते आगे की यात्रा के लिए सहायता प्रदान की है, जिनमें छात्र और मछुआरे शामिल हैं। इसके अलावा, इजरायल, इराक, कुवैत और बहरीन से भी पड़ोसी देशों के माध्यम से भारत वापसी सुनिश्चित की जा रही है।

इस ब्रीफिंग में पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने बताया कि देश में पेट्रोल, डीजल, एलपीजी और पीएनजी पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं। एलपीजी डिस्ट्रीब्यूटरशिप पर किसी प्रकार की कमी (ड्राय आउट) की कोई सूचना नहीं है। सारे पेट्रोल पंप सामान्य रूप से चल रहे हैं।

--आईएएनएस

केआर/