कोटा ग्रामीण पुलिस का बड़ा एक्शन, ‘ऑपरेशन क्रिमिनल डस्टिंग’ में हिस्ट्रीशीटर समेत 5 बदमाशों की अवैध संपत्तियां होंगी ध्वस्त
अपराधियों पर शिकंजा कसने के लिए कोटा ग्रामीण पुलिस ने बड़ा अभियान शुरू किया है। अपराध की कमाई से बनाई गई अवैध संपत्तियों के खिलाफ चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन क्रिमिनल डस्टिंग’ के तहत सुकेत थाना क्षेत्र में पुलिस ने हिस्ट्रीशीटर समेत पांच बदमाशों को चिह्नित किया है। इन सभी को नोटिस जारी कर दिए गए हैं। पुलिस अब नियमों के तहत करीब 1 करोड़ 8 लाख रुपए की अवैध संपत्तियों को ध्वस्त करने की तैयारी कर रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अपराधियों की आर्थिक कमर तोड़ने के लिए यह कार्रवाई की जा रही है। अवैध तरीके से अर्जित संपत्ति को चिन्हित कर उसके खिलाफ कानूनी प्रक्रिया अपनाई जा रही है।
अपराधियों की संपत्तियों की हुई पहचान
कोटा ग्रामीण पुलिस ने जांच के दौरान सुकेत थाना क्षेत्र में ऐसे बदमाशों की संपत्तियों की जानकारी जुटाई, जिन पर आपराधिक गतिविधियों में शामिल होने के आरोप हैं। जांच में सामने आया कि कुछ आरोपियों ने अपराध से अर्जित धन से जमीन, मकान और अन्य संपत्तियां बनाई हैं।
पुलिस ने रिकॉर्ड खंगालने के बाद पांच बदमाशों को चिह्नित किया है। इनमें एक हिस्ट्रीशीटर भी शामिल है। पुलिस ने सभी को नोटिस जारी कर संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज पेश करने के निर्देश दिए हैं।
करोड़ों की संपत्तियों पर होगी कार्रवाई
पुलिस के अनुसार, चिह्नित की गई संपत्तियों की अनुमानित कीमत करीब 1 करोड़ 8 लाख रुपए बताई जा रही है। नियमानुसार जांच और प्रक्रिया पूरी होने के बाद इन अवैध निर्माणों को हटाने की कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस का उद्देश्य अपराधियों को यह संदेश देना है कि अपराध के जरिए कमाई गई संपत्ति को सुरक्षित नहीं रखा जा सकेगा। अपराधियों के खिलाफ आर्थिक कार्रवाई कर उनके नेटवर्क को कमजोर किया जाएगा।
‘ऑपरेशन क्रिमिनल डस्टिंग’ से अपराधियों में खौफ
कोटा ग्रामीण पुलिस ने अपराध नियंत्रण के लिए ‘ऑपरेशन क्रिमिनल डस्टिंग’ अभियान शुरू किया है। इसके तहत पुलिस ऐसे अपराधियों की पहचान कर रही है, जिन्होंने गैरकानूनी गतिविधियों से संपत्ति अर्जित की है।
इस अभियान में बदमाशों के आपराधिक रिकॉर्ड, संपत्ति के स्रोत और निर्माण की वैधता की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि आगे भी ऐसे लोगों के खिलाफ लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।
पुलिस की सख्ती जारी रहेगी
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि अपराधियों के खिलाफ केवल मुकदमे दर्ज करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी आर्थिक ताकत को खत्म करना भी जरूरी है। इसी रणनीति के तहत अवैध संपत्तियों पर कार्रवाई की जा रही है।
कोटा ग्रामीण पुलिस की इस कार्रवाई से क्षेत्र के अन्य अपराधियों में भी हड़कंप मचा हुआ है। पुलिस ने साफ किया है कि अपराध से अर्जित संपत्ति रखने वालों के खिलाफ आने वाले दिनों में भी सख्त कदम उठाए जाएंगे।
