कोटा में वन विभाग की कार्रवाई पर विवाद: ट्रैक्टर जब्त, डीजल खत्म होने पर सड़क किनारे खड़ा था वाहन; मालिक ने लगाए 15 हजार मांगने के आरोप
Rajasthan के Kota जिले में वन विभाग की कार्रवाई को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। क्षेत्र में एक ट्रैक्टर को जब्त किए जाने के बाद मामला तूल पकड़ गया है, जिसमें वाहन मालिक ने वन विभाग के कर्मचारी पर रिश्वत मांगने के गंभीर आरोप लगाए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, ट्रैक्टर डीजल खत्म होने के कारण सड़क किनारे खड़ा था। वाहन मालिक का कहना है कि ट्रैक्टर किसी अवैध गतिविधि में शामिल नहीं था और केवल ईंधन खत्म होने की वजह से अस्थायी रूप से सड़क किनारे रोका गया था। इसी दौरान वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और ट्रैक्टर को जब्त कर लिया।
घटना के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया और स्थानीय लोगों के बीच इस कार्रवाई को लेकर चर्चा शुरू हो गई। वाहन मालिक ने आरोप लगाया कि कार्रवाई के दौरान फॉरेस्ट गार्ड ने मामले को निपटाने के एवज में 15 हजार रुपये की मांग की। मालिक के अनुसार, जब उसने पैसे देने से इनकार किया तो ट्रैक्टर को जब्त कर लिया गया।
हालांकि, वन विभाग की ओर से इस मामले में अभी तक आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि कार्रवाई नियमों के तहत की गई है और मामले की जांच की जा रही है। अधिकारियों का यह भी कहना है कि यदि किसी कर्मचारी पर रिश्वत मांगने जैसे आरोप लगाए गए हैं तो उसकी भी जांच होगी और दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना ने स्थानीय स्तर पर प्रशासनिक कार्यशैली को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों और स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि वाहन वास्तव में खराब स्थिति में सड़क किनारे खड़ा था, तो उसे जब्त करने की बजाय सहायता की जानी चाहिए थी।
वहीं, कुछ लोगों का यह भी मानना है कि वन विभाग अक्सर सख्त कार्रवाई करता है, जिससे आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। दूसरी ओर, प्रशासनिक पक्ष का तर्क है कि वन क्षेत्र और उसके आसपास नियमों का पालन सुनिश्चित करना आवश्यक है, ताकि किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि को रोका जा सके।
मामले के तूल पकड़ने के बाद अब स्थानीय प्रशासन पर भी दबाव बढ़ गया है कि वह पूरी घटना की निष्पक्ष जांच कराए और सच्चाई सामने लाए। लोगों की मांग है कि अगर रिश्वत मांगने के आरोप सही पाए जाते हैं तो दोषी कर्मचारी पर सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर रोक लग सके।
फिलहाल ट्रैक्टर जब्त है और मामला जांच के अधीन है। प्रशासन की अगली कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।
