Karoli 58 भवन मालिकों से नगरपरिषद वसूलेगी 30 लाख रुपए
करौली न्यूज़ डेस्क, शहरी सरकार यानि नगरपरिषद इन दिनों पूरी तरह एक्शन मोड पर कार्य करती नजर आ रही है। सोमवार को नियमों के खिलाफ निर्माण करने पर जहां 23 निर्माणाधीन भवनों/प्रतिष्ठानों को सीज कर नोटिस चस्पा करने की कार्रवाई की गई वहीं अब नगरपरिषद नगरीय विकास कर (यूडी टैक्स) की राशि जमा नहीं कराने वाले निजी स्कूलों व मैरिज होम संचालकों पर शिकंजा कसेगी। गौरतलब है कि नगरीय विकास कर की राशि जमा नहीं कराने वाले शहर में 46 स्कूलों पर करीब 5 लाख तथा करीब एक दर्जन मैरिज होम पर करीब 25 लाख रुपए नगरीय विकास कर बकाया है।
यूडी टैक्स वसूली के लिए परिषद की ओर से संबंधित को जुलाई माह में नोटिस जारी किए जा चुके हैं, लेकिन काफी समय गुजरने के बावजूद राशि जमा नहीं कराने वालों के खिलाफ अब परिषद सख्ती से निपटेगी। इसके लिए परिषद ने कवायद शुरू कर दी है और नगरीय विकास कर वसूले जाने वाले 46 निजी स्कूल भवनों व 12 मैरिज होम को चिह्नित कर लिया है। नगरपरिषद आयुक्त करणी सिंह ने बताया कि निजी स्कूल व मैरिज होम संचालकों को करीब चार माह पूर्व यूडी टैक्स जमा कराने के संबंध में नोटिस जारी किए गए थे लेकिन करीब 90 फीसदी ने अब तक टैक्स जमा नहीं कराया है।
जानकारों की मानें तो संबंधित भवन मालिक को असिसमेंट फॉर्म भरकर नगरपरिषद में जमा कराना होता है। इसके साथ ही संस्थान का स्वनिर्धारण कर जरुरी दस्तावेज मय नक्शा प्रस्तुत किया जाता है। इसके बाद भूमि के क्षेत्रफल के हिसाब से जमा कराने योग्य राशि की गणना की जाती है। लेकिन अभी तक करीब 90 फीसदी लोगों ने असिसमेंट जमा नहीं कराया है।आयुक्त करणी सिंह ने बताया कि असिसमेंट व टैक्स राशि जमा नहीं कराने वालों के खिलाफ नगरपरिषद अपने स्तर पर नगरीय विकास कर वसूलने की शीघ्र कार्रवाई करेगी जिससे नगरपरिषद की निजी आय में भी इजाफा हो सकेगा।
