करौली का पांचना बांध लबालब, गेट खोलकर गंभीर नदी में पानी छोड़ा गया
राजस्थान के करौली जिले का सबसे बड़ा पांचना बांध एक बार फिर लबालब होकर छलक उठा है। जल संसाधन विभाग के अनुसार, बांध का जलस्तर 258.50 मीटर तक पहुँच गया है, जबकि इसकी कुल भराव क्षमता 258.62 मीटर है। बढ़ते जलस्तर को देखते हुए विभाग को बांध के गेट खोलकर पानी की निकासी गंभीर नदी में शुरू करने की आवश्यकता पड़ी।
पांचना बांध क्षेत्र के निवासी और आसपास के गांवों के लोग इस समय सतर्क हैं। विभाग ने नदी और आसपास के क्षेत्रों में जलभराव और संभावित बाढ़ को देखते हुए सतर्कता बरतने की चेतावनी जारी की है। स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन टीमों को भी तैयार रहने के निर्देश दिए गए हैं।
बांध में जलस्तर के बढ़ने का मुख्य कारण हाल ही में क्षेत्र में हुई भारी बारिश और नदी-नाले में पानी का बहाव बताया जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून के इस सक्रिय चरण में बांधों में पानी तेजी से भर रहा है और यदि सावधानी नहीं बरती गई, तो निचले क्षेत्रों में जलभराव की समस्या उत्पन्न हो सकती है।
जल संसाधन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि गेट खोलने के बाद पानी की निकासी नियंत्रित तरीके से की जा रही है, ताकि गंभीर नदी और निचले क्षेत्रों में अचानक बाढ़ का खतरा कम किया जा सके। उन्होंने स्थानीय निवासियों से अपील की है कि वे नदी के किनारे और पानी के प्रवाह वाले क्षेत्रों से दूर रहें।
स्थानीय किसानों और निवासियों ने कहा कि बांध का लबालब होना खेतों और जल स्रोतों के लिए लाभकारी है। इससे सिंचाई और पीने के पानी की उपलब्धता सुनिश्चित होगी। हालांकि गेट खोलने के कारण नदी के आसपास के क्षेत्रों में जल स्तर बढ़ सकता है, जिससे सतर्क रहना आवश्यक है।
राजस्थान में कई अन्य बांधों की स्थिति भी मानसून की बारिश के कारण नाजुक बनी हुई है। जल संसाधन विभाग ने सभी बांधों पर नियमित मॉनिटरिंग और जलस्तर की निगरानी जारी रखी है। यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि किसी भी अप्रत्याशित स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
