फतेहगढ़ में आखातीज पर ‘रेयान’ कार्यक्रम, बुजुर्गों और युवाओं ने साथ लिया बाजरे के खीच का आनंद
राजस्थान के फतेहगढ़ उपखंड क्षेत्र में आखातीज के अवसर पर ‘रेयान’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस आयोजन में क्षेत्र के बुजुर्गों और युवाओं ने एक साथ भाग लिया और पारंपरिक व्यंजनों का आनंद लेते हुए सामुदायिक एकता का संदेश दिया।
कार्यक्रम के दौरान विशेष रूप से बाजरे के खीच का आयोजन किया गया, जिसे सभी प्रतिभागियों ने मिलकर स्वाद के साथ ग्रहण किया। यह आयोजन न केवल पारंपरिक संस्कृति को जीवित रखने का प्रयास था, बल्कि समाज में आपसी भाईचारे और सहयोग की भावना को मजबूत करने का माध्यम भी बना।
आयोजकों के अनुसार, आखातीज जैसे पावन अवसर पर इस तरह के कार्यक्रम ग्रामीण परंपराओं को आगे बढ़ाने और नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
बुजुर्गों ने जहां अपने अनुभव साझा किए, वहीं युवाओं ने भी उत्साहपूर्वक भाग लेकर आयोजन को सफल बनाया। पूरे कार्यक्रम के दौरान पारंपरिक माहौल और सौहार्दपूर्ण वातावरण देखने को मिला।
स्थानीय लोगों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से समाज में आपसी मेलजोल बढ़ता है और पीढ़ियों के बीच संवाद मजबूत होता है।
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने एक साथ बैठकर भोजन किया और सामाजिक एकता को बनाए रखने का संकल्प लिया।
