जैसलमेर में आपदा प्रबंधन की तैयारियों को परखने के लिए 24 अप्रैल को मॉक ड्रिल और ब्लैकआउट अभ्यास
सरहदी जिला जैसलमेर में आपदा प्रबंधन और सुरक्षा तैयारियों को परखने के लिए एक बड़ा अभ्यास आयोजित किया जाएगा। इसके तहत शुक्रवार, 24 अप्रैल को पूरे जिले में मॉक ड्रिल और ब्लैकआउट अभ्यास किया जाएगा। प्रशासन का उद्देश्य किसी भी आपात स्थिति से निपटने की तैयारियों की वास्तविक स्थिति का आकलन करना है।
जिला कलेक्टर अनुपमा जोरवाल ने कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित रिव्यू मीटिंग के बाद इस अभ्यास की जानकारी दी। बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ सुरक्षा और आपदा प्रबंधन से जुड़ी तैयारियों की समीक्षा की गई।
कलेक्टर ने बताया कि इस अभ्यास के दौरान निर्धारित समय पर कुछ क्षेत्रों में बिजली बंद कर ब्लैकआउट किया जाएगा, ताकि आपातकालीन परिस्थितियों में प्रशासन और आमजन की प्रतिक्रिया का परीक्षण किया जा सके। इसके साथ ही विभिन्न स्थानों पर मॉक ड्रिल के जरिए राहत और बचाव कार्यों का अभ्यास भी किया जाएगा।
उन्होंने जिलेवासियों से अपील की है कि इस अभ्यास को सामान्य प्रक्रिया का हिस्सा समझें और किसी भी प्रकार की घबराहट न करें। यह पूरी कवायद केवल सुरक्षा तैयारियों को मजबूत करने और आपदा के समय त्वरित प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने के उद्देश्य से की जा रही है।
प्रशासन के अनुसार, इस दौरान पुलिस, नागरिक सुरक्षा, स्वास्थ्य विभाग और अन्य संबंधित एजेंसियां सक्रिय रूप से भाग लेंगी। आपात स्थिति में समन्वय और त्वरित कार्रवाई की क्षमता को परखने के लिए यह अभ्यास महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
अधिकारियों ने बताया कि मॉक ड्रिल के दौरान विभिन्न आपातकालीन परिस्थितियों का काल्पनिक अभ्यास किया जाएगा, जिसमें बचाव कार्य, घायलों की सहायता और राहत कार्यों का संचालन शामिल होगा।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस अभ्यास का उद्देश्य केवल जागरूकता बढ़ाना और सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाना है। साथ ही, आम नागरिकों से सहयोग की अपील की गई है ताकि यह अभ्यास सफलतापूर्वक संपन्न हो सके।
इस मॉक ड्रिल और ब्लैकआउट अभ्यास को लेकर प्रशासन पूरी तरह तैयार है और इसे जिले की आपदा प्रबंधन क्षमता को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
