सरकारी परीक्षाओं को लेकर सख्त हुआ राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड, फटाफट जाने 1 अप्रैल से लागू हुए नए दिशा-निर्देश

राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड (आरएसएमएसएसबी) ने परीक्षाओं में अनुपस्थित रहने वाले अभ्यर्थियों के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। बोर्ड के अनुसार वन टाइम रजिस्ट्रेशन (ओटीआर) व्यवस्था के तहत अभ्यर्थियों को एक बार रजिस्ट्रेशन शुल्क देकर भविष्य में निशुल्क आवेदन करने की सुविधा दी जाती है। लेकिन बड़ी संख्या में अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल नहीं होते, जिससे परीक्षा आयोजित करने में परेशानी होती है और सरकारी खर्च भी बढ़ता है।
बोर्ड के नए निर्देशों के अनुसार यदि कोई अभ्यर्थी एक वित्तीय वर्ष (1 अप्रैल से 31 मार्च) के दौरान आयोजित दो परीक्षाओं में अनुपस्थित रहता है तो उसकी ऑनलाइन आवेदन करने की सुविधा बंद कर दी जाएगी। इस सुविधा को दोबारा शुरू करने के लिए अभ्यर्थी को 750 रुपए का दंड शुल्क देना होगा। दोबारा अनुपस्थित रहने पर दंड शुल्क बढ़ाकर 1500 रुपए कर दिया जाएगा। इस नए नियम का उद्देश्य अभ्यर्थियों को गंभीरता से परीक्षा में शामिल होने के लिए प्रेरित करना है।
बोर्ड ने अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे केवल उन्हीं परीक्षाओं के लिए आवेदन करें, जिनमें वे वास्तव में शामिल होना चाहते हैं। इस कदम से परीक्षा का सुचारू संचालन होगा और राज्य सरकार का अनावश्यक खर्च भी कम होगा। बोर्ड ने यह भी निर्देश दिया है कि इन नियमों को बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर प्रकाशित किया जाए ताकि सभी अभ्यर्थियों को इसकी जानकारी हो सके।