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वीडियो में देखें मेहंदीपुर बालाजी में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच होलिका दहन, हजारों श्रद्धालु हुए शामिल

वीडियो में देखें मेहंदीपुर बालाजी में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच होलिका दहन, हजारों श्रद्धालु हुए शामिल
 
वीडियो में देखें मेहंदीपुर बालाजी में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच होलिका दहन, हजारों श्रद्धालु हुए शामिल

दौसा जिले के प्रसिद्ध मेहंदीपुर बालाजी मंदिर में सोमवार रात करीब डेढ़ बजे होलिका दहन का आयोजन किया गया। यह पर्व वैदिक मंत्रोच्चार और विधिवत पूजा-अर्चना के साथ संपन्न हुआ। इस अवसर पर मंदिर परिसर में हजारों श्रद्धालु पहुंचे और पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार होलिका दहन में भाग लिया।

मंदिर ट्रस्ट ने इस आयोजन को लेकर व्यापक तैयारियां की थीं। सुरक्षा, भीड़ नियंत्रण और व्यवस्था को लेकर पुलिसकर्मियों और मंदिर सुरक्षा गार्डों को विशेष रूप से तैनात किया गया। उनका कार्य था श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना और भीड़ के बीच किसी अप्रत्याशित घटना को रोकना।

श्री मेहंदीपुर बालाजी के दर्शनों के लिए पहुंचे श्रद्धालुओं ने टोडाभीम रोड स्थित बस स्टैंड परिसर में आयोजित होलिका दहन से पहले पूजा-अर्चना की। इस दौरान श्रद्धालुओं ने नारियल अर्पित कर अपने परिवार की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। परिवार और समाज की भलाई के लिए की गई यह परंपरा स्थानीय लोगों में गहरी आस्था और विश्वास का प्रतीक मानी जाती है।

मंदिर ट्रस्ट के अधिकारियों ने बताया कि होलिका दहन का यह कार्यक्रम रात्रि के करीब डेढ़ बजे शुरू हुआ और देर रात तक चलता रहा। पूरे आयोजन के दौरान मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में श्रद्धा और आस्था का वातावरण बना रहा। श्रद्धालुओं ने मंत्रोच्चार के साथ आग की लपटों के चारों ओर झूमते हुए होली का आनंद लिया।

भीड़ नियंत्रण के लिए ट्रस्ट और पुलिस ने मिलकर प्रयास किए। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशेष मार्ग और प्रवेश द्वार बनाए गए, जिससे कार्यक्रम में शामिल लोग आसानी से पूजा-अर्चना कर सकें। सुरक्षा व्यवस्था इतनी कड़ी थी कि किसी भी प्रकार की अफरा-तफरी या दुर्घटना से बचाव सुनिश्चित किया जा सका।

स्थानीय लोगों और भक्तों ने कहा कि मेहंदीपुर बालाजी में होलिका दहन का यह आयोजन वर्षों से चली आ रही परंपरा का हिस्सा है। यह न केवल धार्मिक अनुष्ठान है, बल्कि समाज में भाईचारे और सामूहिक उत्सव की भावना को भी मजबूत करता है। युवा, वृद्ध और बच्चे सभी श्रद्धालु इस अवसर पर शामिल होते हैं और धार्मिक रीति-रिवाजों के माध्यम से संस्कृति और आस्था का अनुभव करते हैं।

विशेषज्ञों का कहना है कि इस प्रकार के आयोजन स्थानीय पर्यटन और धार्मिक आस्था को बढ़ावा देते हैं। मेहंदीपुर बालाजी का यह आयोजन आसपास के जिलों और शहरों से श्रद्धालुओं को आकर्षित करता है। इसके साथ ही, यह पर्व समुदाय में सामाजिक मेल-जोल और सांस्कृतिक समरसता का संदेश भी देता है।

इस प्रकार, दौसा के मेहंदीपुर बालाजी मंदिर में सोमवार रात का होलिका दहन धार्मिक विधियों और पारंपरिक आस्था के साथ संपन्न हुआ। श्रद्धालुओं ने रात भर पूजा-अर्चना और मंत्रोच्चार के साथ होली का आनंद लिया। मंदिर ट्रस्ट और सुरक्षा कर्मियों की संयुक्त तत्परता ने सुनिश्चित किया कि यह आयोजन सुरक्षित और सुव्यवस्थित रूप में संपन्न हो।