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यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने निकाय चुनाव को लेकर किया बड़ा ऐलान, फुटेज में जानें कब तक होंगे 309 निकायों के चुनाव

यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने निकाय चुनाव को लेकर किया बड़ा ऐलान, फुटेज में जानें कब तक होंगे 309 निकायों के चुनाव
 
यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने निकाय चुनाव को लेकर किया बड़ा ऐलान, फुटेज में जानें कब तक होंगे 309 निकायों के चुनाव

राजस्थान के शहरी विकास और आवास मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने बुधवार को एक कार्यक्रम में राज्य में होने वाले नगर निकाय चुनावों को लेकर अहम जानकारी दी। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार दिसंबर महीने में एक साथ 309 नगर निकायों के चुनाव करवाने के लिए पूरी तरह से तैयार है। इसके साथ ही उन्होंने इस प्रक्रिया में किए गए हालिया सुधारों और योजनाओं पर भी प्रकाश डाला।

मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने नगर निकायों के पुनर्सीमांकन का काम पूरा कर लिया है और गजट नोटिफिकेशन भी जारी कर दिए गए हैं। इसके अलावा, उन्होंने बताया कि वार्डों के पुनर्सीमांकन का नोटिफिकेशन भी एक सप्ताह के भीतर जारी कर दिया जाएगा। इससे पहले नगर निकायों के सीमा निर्धारण में कुछ अनियमितताओं की शिकायतें आ रही थीं, जिनके समाधान के लिए यह कदम उठाया गया है।

खर्रा ने आगे कहा कि निर्वाचन विभाग उम्मीद के अनुसार इस महीने के अंत तक नगर निकायों की मतदाता सूची तैयार करने की प्रक्रिया शुरू करेगा। यह प्रक्रिया समय पर पूरी होने के बाद, निर्वाचन आयोग से अनुरोध किया जाएगा कि यदि संभव हो तो 'वन स्टेट वन इलेक्शन' की तर्ज पर दिसंबर माह में ही सभी नगर निकायों के चुनाव एक साथ आयोजित कराए जाएं। इससे चुनावों की प्रक्रिया में आसानी होगी और लागत में भी कमी आएगी।

उन्होंने इस संबंध में राज्य निर्वाचन आयोग के अधिकारियों से भी विचार-विमर्श की बात कही और आश्वस्त किया कि चुनावों की प्रक्रिया पूरी पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ संचालित की जाएगी। मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने इस बार के निकाय चुनावों को लेकर व्यापक तैयारियां की हैं और इसमें मतदाता जागरूकता अभियान, चुनावी प्रक्रिया को बेहतर बनाने और नागरिकों को अधिक से अधिक जानकारी देने के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं।

मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने इसके साथ ही यह भी कहा कि सरकार की प्राथमिकता इस बार चुनावों में अधिक से अधिक सहभागिता सुनिश्चित करना है। उनका कहना था कि मतदाता जागरूकता अभियान के जरिए लोगों को अपने अधिकारों के प्रति सजग किया जाएगा और उन्हें वोट डालने के लिए प्रेरित किया जाएगा।

राज्य सरकार की यह योजना 'वन स्टेट वन इलेक्शन' की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हो सकती है, जिससे राजस्थान में चुनावों के आयोजन में सुगमता और पारदर्शिता बनी रहेगी। इस फैसले के बाद राज्य के विभिन्न निकायों में चुनावी प्रक्रिया की गति बढ़ने की उम्मीद है।

इस ऐलान के बाद राज्यभर में आगामी नगर निकाय चुनावों को लेकर हलचल तेज हो गई है और अब सभी की निगाहें इस बात पर होंगी कि निर्वाचन विभाग अपनी तैयारियों को कितनी जल्दी पूरा करता है और दिसंबर में चुनाव के लिए सभी व्यवस्थाएं कितनी मजबूत होती हैं।