मोतिहारी में LPG की किल्लत से हाहाकार, गैस एजेंसी के बाहर डेरा डालकर रात बिता रहे उपभोक्ता
बिहार के मोतिहारी जिले से रसोई गैस (LPG Cylinder) की किल्लत की चौंकाने वाली तस्वीरें सामने आई हैं, जिन्होंने स्थानीय व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जिले के पताही इलाके में स्थिति इतनी बिगड़ गई है कि उपभोक्ता अब अपने घरों में रहने के बजाय गैस एजेंसी के बाहर ही डेरा डालने को मजबूर हो गए हैं।
जानकारी के अनुसार, गैस सिलेंडर पाने के लिए लोगों की भीड़ लगातार बढ़ती जा रही है। हालात यह हैं कि उपभोक्ता रात से ही गैस एजेंसी के बाहर कतार लगाकर बैठ जाते हैं ताकि सुबह वितरण शुरू होते ही उन्हें सिलेंडर मिल सके।
हैरानी की बात यह है कि कई लोग अपने साथ मच्छरदानी लेकर आते हैं और रात के अंधेरे में वहीं जमीन पर सो जाते हैं। महिलाएं, बुजुर्ग और युवा सभी इस लंबी कतार में शामिल हैं, जिससे पूरा माहौल एक अस्थायी शिविर जैसा बन गया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि कई दिनों से गैस आपूर्ति नियमित रूप से नहीं हो पा रही है, जिसके कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई है। घरेलू कामकाज पूरी तरह प्रभावित हो गया है और कई परिवारों को खाना पकाने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
उपभोक्ताओं ने आरोप लगाया है कि एजेंसी पर पारदर्शिता की कमी है और वितरण प्रणाली में अनियमितता के चलते यह संकट और गहरा गया है। लोगों का कहना है कि अगर समय पर गैस की आपूर्ति होती, तो उन्हें इस तरह रात-रात भर लाइन में खड़ा नहीं रहना पड़ता।
वहीं, स्थानीय प्रशासन से इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की जा रही है। लोगों ने मांग की है कि गैस वितरण प्रणाली को दुरुस्त किया जाए और आपूर्ति नियमित की जाए ताकि आम जनता को राहत मिल सके।
इस पूरे मामले ने एक बार फिर ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में आवश्यक सेवाओं की आपूर्ति व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल हालात जस के तस बने हुए हैं और लोग अपनी बारी का इंतजार करते हुए गैस एजेंसी के बाहर ही रात गुजारने को मजबूर हैं।
