सांवलियाजी मेले में बी प्राक की आवाज का जादू, वीडियो में जाने भजनों से शुरू हुई शाम फिल्मी गीतों तक पहुंची; देर रात तक झूमते रहे श्रद्धालु
चित्तौड़गढ़ के मेवाड़ स्थित प्रसिद्ध कृष्णधाम श्री सांवलियाजी में जलझूलनी एकादशी मेले के दूसरे दिन भक्ति और संगीत का अनोखा संगम देखने को मिला। प्लेबैक सिंगर बी प्राक की लाइव प्रस्तुति मेले का प्रमुख आकर्षण रही। उनकी आवाज सुनने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु और संगीत प्रेमी कार्यक्रम स्थल पर पहुंचे। भक्ति से शुरू हुई शाम धीरे-धीरे बी प्राक के लोकप्रिय फिल्मी गीतों के साथ संगीत के उत्सव में बदल गई।
सांवलिया सेठ को नमन कर शुरू की प्रस्तुति
मंच पर पहुंचते ही बी प्राक ने सबसे पहले सांवलिया सेठ को नमन किया। उन्होंने कहा कि आज वे सांवरिया सेठ की नगरी में आए हैं और भजनों तथा गानों के साथ इस शाम को और भी खूबसूरत बनाएंगे।बी प्राक की इस बात के बाद कार्यक्रम स्थल पर मौजूद श्रद्धालुओं में खास उत्साह देखने को मिला। जैसे-जैसे उनकी प्रस्तुति आगे बढ़ी, लोगों की भीड़ संगीत में रमती चली गई।
भक्ति के माहौल से शुरू हुआ कार्यक्रम
कार्यक्रम की शुरुआत भक्ति के माहौल में हुई। सांवलियाजी की नगरी में आयोजित कार्यक्रम होने के कारण श्रद्धालुओं के बीच भजनों को लेकर विशेष उत्साह नजर आया। बी प्राक ने भक्ति गीतों के जरिए माहौल को भक्तिमय बनाया।इसके बाद उन्होंने अपने लोकप्रिय फिल्मी गीतों की प्रस्तुति शुरू की। भजनों के बाद फिल्मी गीतों का सिलसिला शुरू होते ही कार्यक्रम स्थल पर मौजूद युवा और संगीत प्रेमी भी उत्साह में नजर आए।
हर गीत पर तालियां और मोबाइल कैमरे
बी प्राक की प्रस्तुति के दौरान बड़ी संख्या में लोग मोबाइल फोन से वीडियो बनाते दिखाई दिए। उनके लोकप्रिय गीतों के दौरान श्रद्धालु और संगीत प्रेमी तालियां बजाते और उनके साथ गुनगुनाते नजर आए।कई लोग ऐसे भी थे जो विशेष रूप से बी प्राक की लाइव प्रस्तुति देखने के लिए दूर-दूर से सांवलियाजी पहुंचे थे। कार्यक्रम के दौरान उनके पसंदीदा गीत सुनने के लिए लोगों में लगातार उत्साह बना रहा।
देर रात तक कार्यक्रम स्थल पर डटे रहे लोग
बी प्राक की प्रस्तुति खत्म होने तक बड़ी संख्या में श्रद्धालु कार्यक्रम स्थल पर मौजूद रहे। हर गीत के साथ दर्शकों का उत्साह दिखाई देता रहा। भक्ति और संगीत से सजी यह शाम जलझूलनी एकादशी मेले के दूसरे दिन का प्रमुख आकर्षण बन गई।श्री सांवलियाजी में जलझूलनी एकादशी मेले के दौरान धार्मिक आयोजनों के साथ सांस्कृतिक और संगीत कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं। बी प्राक की प्रस्तुति ने मेले के माहौल में संगीत का रंग भर दिया और श्रद्धालुओं को देर रात तक कार्यक्रम स्थल से जोड़े रखा।
