मालवीय नगर में आवारा कुत्तों का बढ़ता आतंक: शिवमार्ग से सेक्टर 1-3 तक राहगीरों की मुश्किलें बढ़ीं
राजधानी जयपुर के मालवीय नगर क्षेत्र में आवारा कुत्तों की बढ़ती समस्या ने स्थानीय निवासियों की चिंता बढ़ा दी है। शिवमार्ग से लेकर सेक्टर 1, 2 और 3 तक रात के समय लोगों का निकलना मुश्किल हो गया है। राहगीरों पर कुत्तों के भौंकने और दौड़ाने की घटनाओं में लगातार वृद्धि देखी जा रही है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, शाम ढलते ही इलाके में आवारा कुत्तों का झुंड सक्रिय हो जाता है, जिससे पैदल चलने वाले लोगों, खासकर बच्चों और बुजुर्गों को अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
रात के समय बढ़ा खतरा
निवासियों का कहना है कि कई बार कुत्तों के अचानक झुंड बनाकर दौड़ने से लोग डरकर सड़क बदलने को मजबूर हो जाते हैं। कुछ मामलों में लोग हल्की चोट से भी बच चुके हैं। महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों के लिए यह स्थिति विशेष रूप से असहज और भयपूर्ण बनी हुई है।
स्थानीय लोगों ने बताया कि शाम के बाद पार्कों और सुनसान गलियों में कुत्तों की संख्या बढ़ जाती है, जिससे आवागमन प्रभावित हो रहा है।
नगर निगम से कार्रवाई की मांग
क्षेत्रवासियों ने नगर निगम प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि आवारा कुत्तों की नसबंदी, टीकाकरण और नियंत्रित पुनर्वास की व्यवस्था को तेज किया जाए, ताकि समस्या पर काबू पाया जा सके।
इसके साथ ही नियमित रूप से सफाई व्यवस्था सुधारने और कचरा प्रबंधन को मजबूत करने की भी मांग उठाई जा रही है, क्योंकि कचरे के कारण भी आवारा जानवरों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा पर चिंता
स्थानीय लोगों ने कहा कि स्कूल जाने वाले बच्चों और सुबह-शाम टहलने वाले बुजुर्गों के लिए यह स्थिति बेहद चिंताजनक है। कई लोग अब रात के समय बाहर निकलने से भी बच रहे हैं।
कुछ निवासियों ने सुझाव दिया है कि संवेदनशील क्षेत्रों में स्ट्रीट लाइटिंग बढ़ाई जाए और निगरानी के लिए विशेष टीम तैनात की जाए।
प्रशासन से स्थायी समाधान की उम्मीद
लोगों का कहना है कि यह समस्या लंबे समय से बनी हुई है, लेकिन अब यह गंभीर रूप ले रही है। क्षेत्रवासियों को उम्मीद है कि नगर निगम इस मुद्दे पर जल्द और स्थायी समाधान की दिशा में कदम उठाएगा।
