रामदेवरा फील्ड फायरिंग रेंज में सात चिंकारा हिरण मृत मिले, कारण जानने को नमूने देहरादून भेजे जाएंगे
जैसलमेर जिले के रामदेवरा क्षेत्र में स्थित मावा गांव के पास फील्ड फायरिंग रेंज में सात चिंकारा हिरण मृत पाए जाने से वन विभाग और वन्यजीव प्रेमियों में चिंता का माहौल है। घटनास्थल से मिले अवशेषों का पोस्टमार्टम कराया गया, लेकिन प्रारंभिक जांच में मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो सका। अब वन विभाग ने मौत के वास्तविक कारण का पता लगाने के लिए नमूनों को देहरादून स्थित फोरेंसिक प्रयोगशाला भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार सोमवार सुबह फील्ड फायरिंग रेंज क्षेत्र में छह से अधिक चिंकारा हिरणों के मृत अवशेष मिलने की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और पूरे क्षेत्र का निरीक्षण किया। मौके पर अलग-अलग स्थानों और पेड़ों के पास हिरणों के अवशेष पड़े मिले, जिन्हें टीम ने एकत्रित किया।
घटनास्थल पर वन्यजीव प्रेमी धर्मेंद्र पूनिया, पोकरण वन विभाग के सहायक वन संरक्षक चंद्रशेखर कौशिक, छायण रेंजर लक्ष्मण स्वामी और रामदेवरा थाने से सहायक उपनिरीक्षक दईदानसिंह सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। टीम ने पूरे इलाके की बारीकी से जांच की और सभी अवशेषों को सुरक्षित रूप से एकत्रित कर आगे की प्रक्रिया शुरू की।
वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार हिरणों के अवशेषों का पोस्टमार्टम करवाया गया, लेकिन इससे मौत के स्पष्ट कारण का पता नहीं चल पाया। ऐसे में अब संदेह के आधार पर विभिन्न नमूनों को फोरेंसिक जांच के लिए देहरादून की प्रयोगशाला भेजा जाएगा। वहां विस्तृत जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि हिरणों की मौत किस कारण से हुई।
अधिकारियों का कहना है कि प्रारंभिक तौर पर किसी बीमारी, जहर या अन्य कारणों की संभावना से भी इनकार नहीं किया जा सकता। इसलिए मामले की पूरी तरह वैज्ञानिक जांच कराई जा रही है। फोरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।
इस घटना के सामने आने के बाद वन्यजीव प्रेमियों ने भी चिंता जताई है और मामले की गहन जांच की मांग की है। उनका कहना है कि चिंकारा जैसे दुर्लभ वन्यजीवों की अचानक मौत गंभीर मामला है और इसके पीछे के कारणों का पता लगाना बेहद जरूरी है।
फिलहाल वन विभाग की टीम पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है और फोरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। रिपोर्ट आने के बाद ही हिरणों की मौत के असली कारणों का खुलासा हो सकेगा।
