RPSC का नया 'कैंडिडेट ग्रीवेंस पोर्टल' अपडेट, अब घर बैठे दर्ज कर सकेंगे शिकायतें
राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) ने अभ्यर्थियों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए अपने कैंडिडेट ग्रीवेंस पोर्टल को अपडेट किया है। नए सिस्टम के जरिए अब परीक्षार्थी घर बैठे अपनी शिकायतें ऑनलाइन दर्ज कर सकेंगे और उनकी प्रगति पर भी नजर रख सकेंगे।
आयोग का मानना है कि इस पहल से अभ्यर्थियों को कार्यालयों के चक्कर लगाने की आवश्यकता कम होगी और शिकायतों के निस्तारण की प्रक्रिया अधिक पारदर्शी एवं प्रभावी बनेगी।
OTR ID से दर्ज होगी शिकायत
नई व्यवस्था के तहत अभ्यर्थियों को अपनी वन टाइम रजिस्ट्रेशन (OTR) ID के माध्यम से पोर्टल पर लॉगिन करना होगा। इसके बाद वे परीक्षा, आवेदन, दस्तावेज सत्यापन, परिणाम या अन्य किसी भी विषय से जुड़ी शिकायत ऑनलाइन दर्ज कर सकेंगे।
इससे शिकायतकर्ता की पहचान और संबंधित परीक्षा की जानकारी स्वतः उपलब्ध हो जाएगी, जिससे शिकायतों के निपटारे में तेजी आएगी।
शिकायत की स्थिति ऑनलाइन देख सकेंगे
अपडेटेड पोर्टल की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि अभ्यर्थी अपनी शिकायत की वर्तमान स्थिति भी ऑनलाइन ट्रैक कर सकेंगे। शिकायत दर्ज होने से लेकर उसके समाधान तक की पूरी प्रक्रिया पोर्टल पर उपलब्ध रहेगी।
इससे अभ्यर्थियों को बार-बार आयोग से संपर्क करने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी और पारदर्शिता भी बढ़ेगी।
समयबद्ध निस्तारण पर रहेगा जोर
RPSC का उद्देश्य शिकायतों के समाधान को अधिक व्यवस्थित और समयबद्ध बनाना है। आयोग के अनुसार, पोर्टल के माध्यम से प्राप्त शिकायतों को संबंधित शाखाओं तक तुरंत पहुंचाया जाएगा, जिससे उनका शीघ्र निस्तारण संभव हो सकेगा।
इस नई व्यवस्था से आयोग और अभ्यर्थियों के बीच संवाद भी बेहतर होगा।
अभ्यर्थियों को मिलेगी बड़ी राहत
प्रदेशभर में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल होने वाले लाखों अभ्यर्थियों को इस सुविधा का लाभ मिलेगा। आवेदन में त्रुटि, परीक्षा संबंधी जानकारी, प्रवेश पत्र, परिणाम या अन्य प्रशासनिक समस्याओं को लेकर अब उम्मीदवार सीधे ऑनलाइन शिकायत दर्ज कर सकेंगे।
विशेषज्ञों का मानना है कि डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए शिकायत निवारण प्रणाली को मजबूत करने से अभ्यर्थियों का समय और संसाधन दोनों बचेंगे।
पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने की पहल
RPSC द्वारा किया गया यह अपडेट आयोग की सेवाओं को अधिक पारदर्शी और अभ्यर्थी-केंद्रित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। आयोग का प्रयास है कि तकनीक के माध्यम से शिकायत निवारण प्रक्रिया को सरल, तेज और जवाबदेह बनाया जाए।
नई व्यवस्था लागू होने के बाद अभ्यर्थियों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए पहले की तुलना में अधिक सुविधाजनक और प्रभावी मंच उपलब्ध होगा।
