Aapka Rajasthan

RPSC पोर्टल हैकिंग के बाद राजस्थान पुलिस अलर्ट, वीडियो में जाने सभी संस्थानों को साइबर सुरक्षा मजबूत करने के निर्देश

RPSC पोर्टल हैकिंग के बाद राजस्थान पुलिस अलर्ट, वीडियो में जाने सभी संस्थानों को साइबर सुरक्षा मजबूत करने के निर्देश
 
RPSC पोर्टल हैकिंग के बाद राजस्थान पुलिस अलर्ट, वीडियो में जाने सभी संस्थानों को साइबर सुरक्षा मजबूत करने के निर्देश

राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) के भर्ती पोर्टल में हुई सेंधमारी के मामले के बाद राजस्थान पुलिस की साइबर क्राइम शाखा पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गई है। साइबर अपराधों के बढ़ते खतरे को देखते हुए पुलिस ने राज्य के सभी विश्वविद्यालयों, शैक्षणिक संस्थानों, सरकारी विभागों और निजी संगठनों को अपनी ऑनलाइन सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश जारी किए हैं।साइबर क्राइम शाखा की ओर से शुक्रवार को जारी की गई विस्तृत एडवाइजरी में संस्थानों को अपने वेब पोर्टल, ऑनलाइन सेवाओं और डिजिटल रिकॉर्ड की सुरक्षा को लेकर विशेष सावधानी बरतने को कहा गया है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि किसी भी तरह की लापरवाही से साइबर अपराधी संवेदनशील डाटा तक पहुंच बना सकते हैं, जिससे संस्थानों और आम लोगों को बड़ा नुकसान उठाना पड़ सकता है।

पोर्टल सुरक्षा को लेकर दिए गए खास निर्देश

एडवाइजरी में संस्थानों को नियमित रूप से वेबसाइट और सर्वर की सुरक्षा जांच करने, मजबूत पासवर्ड नीति लागू करने, मल्टी फैक्टर ऑथेंटिकेशन (MFA) का उपयोग करने और संदिग्ध गतिविधियों की निगरानी करने की सलाह दी गई है। इसके अलावा कर्मचारियों को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक करने और समय-समय पर सुरक्षा प्रशिक्षण देने के निर्देश भी दिए गए हैं।राजस्थान पुलिस ने कहा है कि सरकारी और निजी संस्थानों के ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर बड़ी मात्रा में लोगों की व्यक्तिगत और महत्वपूर्ण जानकारियां मौजूद रहती हैं। ऐसे में इनकी सुरक्षा करना बेहद जरूरी है।

RPSC भर्ती पोर्टल में हुई थी छेड़छाड़

एडीजी (साइबर क्राइम) वीके सिंह ने बताया कि हाल ही में राजस्थान लोक सेवा आयोग के भर्ती पोर्टल में हैकर्स ने अवैध तरीके से प्रवेश किया था। आरोपियों ने पोर्टल में मौजूद परीक्षा परिणाम, अभ्यर्थियों की मेरिट सूची और आवेदन संबंधी रिकॉर्ड से छेड़छाड़ की थी।उन्होंने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू की गई और अजमेर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि इस साइबर हमले के पीछे कितने लोग शामिल थे और क्या इससे पहले भी किसी अन्य डिजिटल प्लेटफॉर्म को निशाना बनाया गया था।

साइबर अपराध की शिकायत के लिए हेल्पलाइन जारी

राजस्थान पुलिस साइबर क्राइम शाखा ने आम लोगों और संस्थानों से अपील की है कि किसी भी तरह की साइबर धोखाधड़ी, हैकिंग या संदिग्ध ऑनलाइन गतिविधि की जानकारी तुरंत दें। इसके लिए साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 जारी किया गया है।इसके अलावा आपातकालीन सहायता के लिए हेल्पडेस्क नंबर 9256001930 और 9257510100 पर भी संपर्क किया जा सकता है।पुलिस अधिकारियों का कहना है कि डिजिटल सेवाओं के बढ़ते इस्तेमाल के साथ साइबर अपराधों की चुनौती भी बढ़ रही है। ऐसे में सभी संस्थानों को अपनी साइबर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना होगा, ताकि भविष्य में आरपीएससी जैसे मामलों की पुनरावृत्ति को रोका जा सके।