राजस्थान को वेडिंग टूरिज्म का ग्लोबल हब बनाने की तैयारी, वीडियो में दीया कुमारी बोलीं- अब शेखावाटी से बांसवाड़ा तक बनेगी नई पहचान
राजस्थान को दुनिया के सबसे बड़े डेस्टिनेशन वेडिंग हब के रूप में स्थापित करने की दिशा में राज्य सरकार ने बड़ा विजन पेश किया है। उपमुख्यमंत्री एवं पर्यटन मंत्री दीया कुमारी ने कहा कि जयपुर, जोधपुर और उदयपुर पहले से ही अंतरराष्ट्रीय स्तर पर डेस्टिनेशन वेडिंग के लिए प्रसिद्ध हैं, लेकिन अब समय आ गया है कि राज्य के अन्य पर्यटन स्थलों को भी वैश्विक वेडिंग मानचित्र पर प्रमुख स्थान दिलाया जाए। उन्होंने कहा कि शेखावाटी की ऐतिहासिक हवेलियां, जैसलमेर का सुनहरा रेगिस्तान, बांसवाड़ा और डूंगरपुर की प्राकृतिक सुंदरता, भरतपुर का वन्यजीव पर्यटन तथा पुष्कर की आध्यात्मिक और धार्मिक आभा वेडिंग टूरिज्म के लिए शानदार संभावनाएं रखते हैं। इन स्थानों को विकसित कर राजस्थान की पर्यटन ब्रांडिंग को और मजबूत किया जा सकता है।
IWTC सीजन-3 का जयपुर में आगाज
यह बातें दीया कुमारी ने इंटरनेशनल वेडिंग एंड टूरिज्म कॉन्क्लेव (IWTC) सीजन-3 के उद्घाटन अवसर पर कहीं। दो दिवसीय इस कॉन्क्लेव का शुभारंभ रविवार को दिल्ली रोड स्थित फेयरमोंट होटल में हुआ।कार्यक्रम में भारत और विदेशों से आए 600 से अधिक प्रतिनिधि हिस्सा ले रहे हैं। इनमें वेडिंग प्लानर्स, होटल व्यवसायी, पर्यटन विशेषज्ञ, इवेंट मैनेजमेंट कंपनियां और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर से जुड़े कई प्रमुख प्रतिनिधि शामिल हैं।
वैश्विक साझेदारी और नए अवसरों पर मंथन
कॉन्क्लेव के दौरान पर्यटन, वेडिंग इंडस्ट्री, हॉस्पिटैलिटी सेक्टर, वैश्विक साझेदारी, डेस्टिनेशन वेडिंग्स और नए व्यावसायिक अवसरों पर विस्तृत चर्चा की जा रही है।विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के आयोजन राजस्थान को अंतरराष्ट्रीय वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में और अधिक मजबूती देंगे तथा राज्य में पर्यटन निवेश, होटल उद्योग और स्थानीय रोजगार को बढ़ावा मिलेगा।
दो राज्यों के पर्यटन मंत्रियों ने किया उद्घाटन
कॉन्क्लेव का उद्घाटन राजस्थान की उपमुख्यमंत्री एवं पर्यटन मंत्री दीया कुमारी और आंध्र प्रदेश के पर्यटन मंत्री कुंडला दुर्गेश ने संयुक्त रूप से किया।दोनों नेताओं ने पर्यटन उद्योग को देश की अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार बताते हुए राज्यों के बीच सहयोग बढ़ाने और भारत को वैश्विक पर्यटन एवं वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में स्थापित करने पर जोर दिया।
राजस्थान की नई पर्यटन रणनीति
दीया कुमारी ने कहा कि सरकार केवल पारंपरिक पर्यटन स्थलों तक सीमित नहीं रहना चाहती, बल्कि कम प्रसिद्ध लेकिन सांस्कृतिक और प्राकृतिक दृष्टि से समृद्ध क्षेत्रों को भी अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने का प्रयास कर रही है।उन्होंने कहा कि यदि इन नए स्थलों को बेहतर आधारभूत सुविधाओं, प्रचार-प्रसार और निवेश से जोड़ा जाए, तो राजस्थान वेडिंग टूरिज्म के क्षेत्र में दुनिया का अग्रणी गंतव्य बन सकता है।विशेषज्ञों के अनुसार, डेस्टिनेशन वेडिंग इंडस्ट्री से होटल, परिवहन, हस्तशिल्प, लोक कलाकार, कैटरिंग, सजावट और स्थानीय कारोबार को भी बड़ा लाभ मिलता है। ऐसे आयोजनों से राज्य की अर्थव्यवस्था को नई गति मिलने की उम्मीद है।
