राजस्थान में नए मुख्य सचिव की रेस तेज: 31 अगस्त के बाद बदलेगा शीर्ष प्रशासनिक चेहरा, वीडियो में जाने 4 IAS अफसर दावेदारी में आगे
राजस्थान में प्रशासनिक स्तर पर बड़ा बदलाव होने की तैयारी शुरू हो गई है। मौजूदा मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास का कार्यकाल 31 अगस्त को समाप्त हो रहा है, जिसके बाद राज्य को नया मुख्य सचिव मिलेगा। इसी के साथ ब्यूरोक्रेसी में शीर्ष पद के लिए लॉबिंग और चर्चा तेज हो गई है।सूत्रों के अनुसार, राज्य सरकार ने संभावित दावेदारों की प्रारंभिक सूची तैयार करना शुरू कर दिया है। वरिष्ठता और प्रशासनिक अनुभव के आधार पर चार IAS अधिकारी इस रेस में प्रमुख माने जा रहे हैं।
🔹 प्रमुख दावेदारों की सूची
1. रजत कुमार मिश्रा (1992 बैच)
वर्तमान में दिल्ली में डेपुटेशन पर तैनात रजत कुमार मिश्रा वरिष्ठ IAS अधिकारियों में शामिल हैं। उनके अनुभव और केंद्र सरकार में कार्य करने की क्षमता को उनकी सबसे बड़ी ताकत माना जा रहा है।
2. अभय कुमार (1992 बैच)
वरिष्ठता के आधार पर अभय कुमार को सबसे मजबूत दावेदारों में गिना जा रहा है। प्रशासनिक हलकों में उनकी सीनियरिटी और लंबा अनुभव उन्हें इस पद के लिए प्रमुख उम्मीदवार बनाता है।
3. अखिल अरोड़ा (1993 बैच)
मुख्यमंत्री के अतिरिक्त मुख्य सचिव के रूप में कार्यरत अखिल अरोड़ा वर्तमान में मुख्यमंत्री कार्यालय की कमान संभाल रहे हैं। सरकार के साथ उनकी निकटता और रणनीतिक भूमिका उन्हें इस रेस में मजबूत स्थिति में रखती है।
4. अपर्णा अरोड़ा (1993 बैच)
खनन एवं पेट्रोलियम विभाग में अतिरिक्त मुख्य सचिव के पद पर कार्यरत अपर्णा अरोड़ा भी इस दौड़ में शामिल हैं। प्रशासनिक दक्षता और विभिन्न विभागों में अनुभव उनकी ताकत मानी जा रही है।
⚖️ प्रशासनिक हलकों में बढ़ी हलचल
मुख्य सचिव जैसे शीर्ष पद को लेकर प्रशासनिक हलकों में चर्चाएं तेज हो गई हैं। माना जा रहा है कि अंतिम निर्णय वरिष्ठता, अनुभव और सरकार के भरोसे के आधार पर लिया जाएगा।
📌 अहम पद, अहम फैसला
मुख्य सचिव का पद राज्य प्रशासन की सबसे महत्वपूर्ण कुर्सी होती है, जो नीति निर्माण से लेकर उसके क्रियान्वयन तक में अहम भूमिका निभाता है। ऐसे में यह नियुक्ति राजस्थान की आने वाली प्रशासनिक दिशा को भी प्रभावित करेगी।
