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दौसा में मजदूरी न मिलने पर पेंटर का अनोखा विरोध, पंचायत भवन पर किया गया अपना ही काम काला, वीडियो वायरल

दौसा में मजदूरी न मिलने पर पेंटर का अनोखा विरोध, पंचायत भवन पर किया गया अपना ही काम काला, वीडियो वायरल
 
दौसा में मजदूरी न मिलने पर पेंटर का अनोखा विरोध, पंचायत भवन पर किया गया अपना ही काम काला, वीडियो वायरल

राजस्थान के दौसा जिले के लालसोट क्षेत्र की ग्राम पंचायत दौलतपुरा में मंगलवार को एक अजीबो-गरीब मामला सामने आया, जहां एक पेंटर ने अपनी मजदूरी न मिलने से नाराज़ होकर अपने ही किए हुए काम पर काला पेंट पोतकर विरोध दर्ज कराया। इस घटना का वीडियो भी सामने आया है, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

क्या है पूरा मामला

जानकारी के अनुसार, पेंटर ने पंचायत कार्यालय और एक कमरे के बाहर दीवारों पर नाम और पेंटिंग का काम किया था। काम पूरा होने के बाद उसने पंचायत प्रशासक और वीडीओ (VDO) से अपनी मजदूरी की मांग की। पेंटर का आरोप है कि पहले से तय समझौते के अनुसार काम पूरा होते ही भुगतान किया जाना था, लेकिन जब उसने मंगलवार को काम पूरा होने के बाद पैसे मांगे तो उसे केवल आश्वासन दिया गया।

फोन नहीं उठाने का आरोप

पीड़ित पेंटर ने बताया कि उसने पंचायत प्रशासक को फोन किया, जिस पर उसे 10 मिनट में भुगतान करने की बात कही गई, लेकिन इसके बाद प्रशासक ने दोबारा फोन नहीं उठाया। इसके बाद पेंटर ने कई बार प्रशासक और सचिव को कॉल किया, लेकिन किसी ने भी फोन रिसीव नहीं किया। इस रवैये से नाराज़ होकर उसने विरोध का रास्ता अपनाया।

अपने ही काम पर पोता काला पेंट

लगातार अनदेखी से परेशान होकर पेंटर ने खुद ही पंचायत भवन पर किए गए अपने पेंटिंग कार्य पर काला पेंट पोत दिया। उसने इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो भी बनवाया, जिसमें वह अपनी नाराज़गी और मजदूरी न मिलने की बात कहता नजर आ रहा है।

वीडियो वायरल, प्रशासन पर सवाल

घटना का वीडियो सामने आने के बाद यह मामला सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है। लोग प्रशासन की कार्यशैली और मजदूरों के भुगतान व्यवस्था पर सवाल उठा रहे हैं।

ग्रामीणों में नाराज़गी

स्थानीय लोगों का कहना है कि छोटे कामगारों को समय पर भुगतान नहीं मिलने से ऐसी स्थिति पैदा होती है। उन्होंने प्रशासन से इस मामले में जांच और उचित कार्रवाई की मांग की है।

प्रशासन की प्रतिक्रिया का इंतजार

फिलहाल पंचायत प्रशासन की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। वहीं, ग्रामीण स्तर पर इस घटना को लेकर चर्चा तेज हो गई है।