नागौर में नाबालिक बेटी के युवक के साथ घर से भागने से आहत पिता ने दी जान, फुटेज में जानें पुलिस कार्रवाई पर उठे सवाल
राजस्थान के नागौर जिले में एक बेहद संवेदनशील और दुखद मामला सामने आया है, जहां नाबालिग बेटी के घर छोड़कर जाने और आरोपी पक्ष से मिल रही कथित धमकियों से आहत एक पिता ने तालाब में कूदकर जान दे दी। घटना के बाद गांव में शोक के साथ-साथ आक्रोश का माहौल भी देखने को मिल रहा है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, मृतक ने 17 मार्च 2026 को थाने में युवक के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। इसके बावजूद परिजनों का आरोप है कि पुलिस की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई, जिससे वे गहरे तनाव में आ गए थे। परिजनों और ग्रामीणों के अनुसार, 16 मार्च को पिता अपनी बेटी की सहमति से उसके रिश्ते की बात पक्की करने गया था। लेकिन अगले ही दिन सुबह बेटी फिर उसी युवक के साथ चली गई। इस घटना ने पिता को गहरा सदमा पहुंचाया और वे मानसिक रूप से टूट गए थे।
घटना वाले दिन सुबह करीब 5 बजे पिता घर से निकले और तालाब की ओर चले गए। कुछ समय बाद ग्रामीणों ने तालाब में उनका शव देखा। इसके बाद तुरंत उन्हें बाहर निकालकर स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया।
ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय रहते पुलिस कार्रवाई होती, तो शायद यह दुखद घटना टाली जा सकती थी। परिजन भी लगातार यही आरोप लगा रहे हैं कि शिकायत के बावजूद कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए मॉर्च्युरी में रखवा दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच की जाएगी और परिजनों के आरोपों को भी गंभीरता से लिया जा रहा है।
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि ऐसे संवेदनशील मामलों में त्वरित कार्रवाई कितनी जरूरी है। विशेषज्ञों का मानना है कि समय पर हस्तक्षेप और उचित कार्रवाई से कई बार इस तरह की दुखद घटनाओं को रोका जा सकता है।
गांव में फिलहाल माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है और प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
