सूखे कुएं से मिली थी रोती-बिलखती बच्ची, तीन महीने बाद मां-बेटे गिरफ्तार; सामने आई हैरान करने वाली कहानी
तीन महीने पहले सूखे कुएं से रोती-बिलखती हालत में मिली बच्ची के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी मां और उसके बेटे को गिरफ्तार किया है। घटना के सामने आने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई थी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू करते हुए बच्ची को कुएं में फेंके जाने के पीछे की वजह और आरोपियों की भूमिका का पता लगाने के लिए कई स्तर पर पड़ताल की।
जानकारी के मुताबिक, घटना करीब तीन महीने पहले की है। स्थानीय लोगों को एक सूखे कुएं से बच्ची के रोने की आवाज सुनाई दी थी। जब लोगों ने मौके पर पहुंचकर देखा तो कुएं के अंदर एक मासूम बच्ची पड़ी हुई थी। बच्ची की हालत देखकर लोगों ने तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दी। इसके बाद पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से बच्ची को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
मामले की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने बच्ची को अपने संरक्षण में लेकर उसकी स्थिति की जानकारी जुटाई। शुरुआती जांच में मामला संदिग्ध नजर आया, जिसके बाद पुलिस ने आसपास के लोगों से पूछताछ शुरू की। पुलिस ने बच्ची के परिजनों और घटना से जुड़े लोगों के बारे में जानकारी जुटाई तथा अलग-अलग पहलुओं से जांच आगे बढ़ाई।
जांच के दौरान पुलिस को कुछ अहम सुराग मिले। इन सुरागों के आधार पर पुलिस ने मां और उसके बेटे को संदेह के घेरे में लिया। पूछताछ और जांच के बाद दोनों की भूमिका सामने आने पर पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। हालांकि बच्ची को कुएं में फेंकने के पीछे वास्तविक वजह क्या थी और घटना को किस तरह अंजाम दिया गया, इसकी पूरी जानकारी पुलिस की विस्तृत जांच के बाद सामने आने की उम्मीद है।
तीन महीने तक चली जांच के बाद हुई इस गिरफ्तारी को पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है। पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस घटना में कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल था या नहीं।
वहीं, सूखे कुएं से जिंदा मिली बच्ची की कहानी ने लोगों को झकझोर दिया था। समय रहते उसकी रोने की आवाज सुनाई देने के कारण उसकी जान बच सकी। अब मां-बेटे की गिरफ्तारी के बाद पुलिस इस मामले की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। मामले में आगे की कार्रवाई जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी।
