Aapka Rajasthan

टोंक में शराब की दुकान में घुसा लेपर्ड, फूटे में देंखे 3 लोगों पर किया हमला; 5 घंटे की मशक्कत के बाद हुआ रेस्क्यू

टोंक में शराब की दुकान में घुसा लेपर्ड, फूटे में देंखे 3 लोगों पर किया हमला; 5 घंटे की मशक्कत के बाद हुआ रेस्क्यू
 
टोंक में शराब की दुकान में घुसा लेपर्ड, फूटे में देंखे 3 लोगों पर किया हमला; 5 घंटे की मशक्कत के बाद हुआ रेस्क्यू

राजस्थान के टोंक जिले के टोडारायसिंह कस्बे में मंगलवार सुबह उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक लेपर्ड अचानक आबादी वाले इलाके में पहुंच गया और फिर एक शराब की दुकान में घुस गया। इस दौरान लेपर्ड ने तीन लोगों पर हमला कर उन्हें घायल कर दिया। आखिरकार दुकान के सेल्समैन ने सूझबूझ दिखाते हुए लेपर्ड को दुकान के अंदर बंद कर दिया। सूचना मिलने पर जयपुर से पहुंची वन विभाग की रेस्क्यू टीम ने करीब 5 घंटे के ऑपरेशन के बाद लेपर्ड को सुरक्षित पकड़ लिया।

झाड़ियों में दिखा लेपर्ड, वन मित्र पर पहला हमला

जानकारी के अनुसार, मंगलवार सुबह करीब 8:45 बजे स्थानीय लोगों ने वन मित्र राकेश को सूचना दी कि कस्बे के पास झाड़ियों में एक लेपर्ड दिखाई दिया है। राकेश जैसे ही मौके पर पहुंचे, लेपर्ड ने अचानक उन पर हमला कर दिया। हमले के बाद लेपर्ड तेजी से वहां से भाग निकला और करीब 400 मीटर दूर स्थित शराब की दुकान की ओर पहुंच गया।

शराब की दुकान में घुसते ही मचा हड़कंप

शराब की दुकान के सेल्समैन संजय गुर्जर ने बताया कि सुबह दुकान खुली ही थी कि अचानक लेपर्ड अंदर घुस आया। खुद को बचाने के लिए उन्होंने लेपर्ड को धक्का दिया और तेजी से बाहर भागे।संजय ने बताया, "मैं जैसे-तैसे बाहर निकला और भागते हुए दुकान का शटर बंद कर दिया, जिससे लेपर्ड अंदर ही फंस गया। इसके बाद मैं बेहोश हो गया।"उनकी सूझबूझ के कारण लेपर्ड दुकान के अंदर ही बंद हो गया, जिससे आसपास मौजूद लोगों की जान बच गई।

हमले में गंभीर रूप से घायल हुआ सेल्समैन

लेपर्ड के हमले में संजय गुर्जर गंभीर रूप से घायल हो गए। उनके हाथ, कंधे और नाक पर गहरे पंजों के निशान आए।

डॉक्टरों के अनुसार—

  • नाक के अंदर और बाहर 11 टांके लगाए गए।
  • दाहिनी हथेली पर 4 टांके आए।
  • प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें जयपुर रेफर कर दिया गया।

हमले में दो अन्य लोग भी घायल हुए हैं, जिनका उपचार स्थानीय स्तर पर किया गया।

5 घंटे तक चला रेस्क्यू ऑपरेशन

घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। बाद में जयपुर से विशेषज्ञ रेस्क्यू टीम को भी बुलाया गया। लेपर्ड के दुकान के अंदर फंसे होने के कारण ऑपरेशन बेहद सावधानी से चलाया गया।करीब 5 घंटे की मशक्कत के बाद वन विभाग ने लेपर्ड को ट्रैंक्विलाइज़ कर सुरक्षित पकड़ लिया। इसके बाद उसे पिंजरे में बंद कर जंगल में छोड़ने की प्रक्रिया शुरू की गई।

दहशत में रहे लोग, वन विभाग ने जारी की अपील

घटना के बाद पूरे टोडारायसिंह कस्बे में दहशत का माहौल रहा। बड़ी संख्या में लोग शराब की दुकान के बाहर जमा हो गए। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस और वन विभाग ने इलाके की घेराबंदी कर लोगों को दूर रहने की सलाह दी।वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि यदि किसी रिहायशी क्षेत्र में वन्यजीव दिखाई दे तो उसे घेरने या पकड़ने की कोशिश न करें, बल्कि तुरंत विभाग को सूचना दें। अधिकारियों का कहना है कि मानसून के दौरान भोजन और पानी की तलाश में वन्यजीव आबादी वाले इलाकों की ओर आ जाते हैं, इसलिए सतर्कता बेहद जरूरी है।