कर्पूर चन्द्र कुलिश जन्मशती पर्व: यादों के साथ संकल्पों का उत्सव
पत्रकारिता जगत के महान व्यक्तित्व और पत्रिका समूह के संस्थापक श्रद्धेय कर्पूर चन्द्र कुलिश की जन्मशती के अवसर पर शहर में उनके योगदान को याद करते हुए एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर को केवल स्मरण तक सीमित न रखते हुए इसे ‘यादों के जरिए आगे बढ़ता संकल्पों का उत्सव’ के रूप में मनाया गया, जिसमें उनके विचारों और सिद्धांतों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कुलिश जी के पत्रकारिता क्षेत्र में दिए गए योगदान को विस्तार से साझा किया। उन्होंने कहा कि कुलिश जी ने पत्रकारिता को केवल एक पेशा नहीं, बल्कि समाज को दिशा देने का माध्यम माना। उनके द्वारा स्थापित मूल्यों—सत्यनिष्ठा, निष्पक्षता और जनहित—आज भी पत्रकारों के लिए प्रेरणास्रोत बने हुए हैं।
इस अवसर पर मीडिया जगत से जुड़े कई वरिष्ठ पत्रकार, लेखक और विचारक मौजूद रहे। सभी ने अपने अनुभवों के माध्यम से कुलिश जी के व्यक्तित्व और कार्यशैली को याद किया। वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि वर्तमान समय में पत्रकारिता कई चुनौतियों का सामना कर रही है, ऐसे में कुलिश जी के आदर्शों को अपनाना और भी आवश्यक हो गया है।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य केवल स्मरण करना नहीं, बल्कि उनके विचारों को व्यवहार में उतारने का संकल्प लेना भी था। इसी भावना के साथ मंच से यह संदेश दिया गया कि आने वाली पीढ़ियों को उनके सिद्धांतों से जोड़ना आज की सबसे बड़ी आवश्यकता है।
कुलिश जी के जन्मशती पर्व को एक उत्सव के रूप में मनाते हुए उपस्थित लोगों ने यह संकल्प लिया कि वे समाज में सच्ची और निष्पक्ष पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए निरंतर प्रयास करेंगे। कार्यक्रम के दौरान उनके जीवन से जुड़ी कई प्रेरणादायक घटनाओं को भी साझा किया गया, जिससे उपस्थित श्रोताओं को उनके व्यक्तित्व को करीब से समझने का अवसर मिला।
यह आयोजन न केवल श्रद्धेय कर्पूर चन्द्र कुलिश के योगदान को नमन करने का अवसर बना, बल्कि पत्रकारिता के मूल्यों को पुनः स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल भी साबित हुआ। कार्यक्रम के अंत में सभी ने उनके आदर्शों पर चलने और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का संकल्प लिया।
