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जन्माष्टमी पर जयपुर मेट्रो का बड़ा फैसला: 218 फेरे लगाएगी ट्रेन, वीडियो में जाने रात 1 बजे तक चलेगी सेवा; परकोटे में वाहनों की एंट्री बंद

जन्माष्टमी पर जयपुर मेट्रो का बड़ा फैसला: 218 फेरे लगाएगी ट्रेन, वीडियो में जाने रात 1 बजे तक चलेगी सेवा; परकोटे में वाहनों की एंट्री बंद
 
जन्माष्टमी पर जयपुर मेट्रो का बड़ा फैसला: 218 फेरे लगाएगी ट्रेन, वीडियो में जाने रात 1 बजे तक चलेगी सेवा; परकोटे में वाहनों की एंट्री बंद

जयपुर में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के मौके पर श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मेट्रो प्रशासन ने विशेष व्यवस्था की है। 4 सितंबर को जयपुर मेट्रो के फेरों की संख्या बढ़ाकर 218 कर दी गई है। साथ ही यात्रियों की सुविधा के लिए मेट्रो सेवा देर रात तक जारी रहेगी।

मानसरोवर से रात 1 बजे आखिरी मेट्रो

जन्माष्टमी के दिन अंतिम मेट्रो ट्रेन मानसरोवर से रात 1 बजे रवाना होगी। वहीं बड़ी चौपड़ से आखिरी मेट्रो रात 1:10 बजे चलेगी। देर रात तक मेट्रो संचालन का फैसला जन्माष्टमी पर शहर में बढ़ने वाली श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए लिया गया है।मेट्रो के फेरों में बढ़ोतरी से शहर के अलग-अलग हिस्सों से परकोटा क्षेत्र और प्रमुख मंदिरों की ओर आने वाले लोगों को सार्वजनिक परिवहन का बेहतर विकल्प मिलेगा।

परकोटे में वाहनों की एंट्री पर रोक

जन्माष्टमी के दिन जयपुर के परकोटा क्षेत्र में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए यातायात व्यवस्था में भी बदलाव किया गया है। परकोटे में वाहनों की एंट्री बंद रहेगी।4 सितंबर को परकोटा क्षेत्र में ई-रिक्शा, ई-ऑटो, ऑटो, सिटी बस, मिनी बस समेत अन्य परिवहन साधनों के प्रवेश पर रोक रहेगी। प्रशासन का उद्देश्य भीड़ को नियंत्रित करने के साथ श्रद्धालुओं की आवाजाही को सुरक्षित और सुगम बनाना है।

मंदिरों में उमड़ेगी श्रद्धालुओं की भीड़

जन्माष्टमी पर जयपुर के प्रमुख कृष्ण मंदिरों में विशेष आयोजन होंगे। रात में होने वाले जन्मोत्सव और आरती में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। ऐसे में परकोटा क्षेत्र में वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित किए जाने से लोगों को अपने वाहन बाहर निर्धारित स्थानों पर खड़े कर आगे पैदल या सार्वजनिक परिवहन के जरिए जाने की सलाह दी जाएगी।

मेट्रो से सफर करने वालों को राहत

परकोटा में वाहनों की आवाजाही पर रोक के बीच जयपुर मेट्रो का देर रात तक संचालन श्रद्धालुओं के लिए अहम राहत माना जा रहा है। फेरों की संख्या बढ़ाकर 218 किए जाने से दिनभर यात्रियों को अधिक मेट्रो सेवाएं मिलेंगी, जबकि देर रात तक संचालन से जन्माष्टमी के कार्यक्रमों से लौटने वाले लोगों को भी सुविधा मिलेगी।प्रशासन ने श्रद्धालुओं से ट्रैफिक व्यवस्था में सहयोग करने और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में सार्वजनिक परिवहन का अधिक इस्तेमाल करने की अपील की है।