जयपुर में बंद दुकानों के ताले तोड़ने वाली गैंग का पर्दाफाश, एक्सक्लूसिव फुटेज में देंखे 36 से ज्यादा मामलों का आरोपी सरगना गिरफ्तार
राजधानी जयपुर की करधनी थाना पुलिस ने रात के समय बंद दुकानों के शटर और ताले तोड़कर चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाली गैंग का खुलासा किया है। पुलिस ने गिरोह के सरगना दीपू बावरिया उर्फ पारली उर्फ टीकू उर्फ चूचिया को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई सफेद रंग की कार भी जब्त की गई है।पुलिस के अनुसार, आरोपी जेल से बाहर आते ही दोबारा चोरी और नकबजनी की घटनाओं में सक्रिय हो जाता था। उसके खिलाफ पहले से करीब तीन दर्जन आपराधिक मामले दर्ज हैं और कई थानों में उसके खिलाफ स्थायी वारंट भी लंबित हैं।
रात में बंद दुकानों को बनाता था निशाना
डीसीपी वेस्ट प्रशांत किरण ने बताया कि गिरोह रात के समय सुनसान इलाकों में बंद दुकानों की रेकी करता था। मौका मिलते ही आरोपी दुकानों के शटर और ताले तोड़कर अंदर घुसने का प्रयास करते और नकदी व कीमती सामान चोरी कर फरार हो जाते थे।गिरोह ने जयपुर शहर के साथ-साथ ग्रामीण इलाकों में भी कई चोरी, नकबजनी और वाहन चोरी की वारदातों को अंजाम दिया है।
सीसीटीवी फुटेज से मिला सुराग
पुलिस के मुताबिक, 14 जुलाई को परिवादी अंकित सैनी ने करधनी थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। रिपोर्ट में बताया गया कि 13 जुलाई की रात करीब 1:44 बजे सफेद रंग की हुंडई i20 कार में तीन लोग पहुंचे। उनके साथ तीन अन्य युवक भी थे, जिन्होंने अपने चेहरे ढक रखे थे।आरोपियों ने दुकान का शटर और ताला तोड़कर अंदर घुसने की कोशिश की, लेकिन वारदात पूरी होने से पहले ही वहां से फरार हो गए। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
तकनीकी जांच और मुखबिर की सूचना से गिरफ्तारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए करधनी थाना पुलिस ने घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। पुलिस ने आरोपियों का रूट चार्ट तैयार किया और तकनीकी साक्ष्यों के साथ मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर 19 जुलाई को गिरोह के सरगना दीपू बावरिया को गिरफ्तार कर लिया।गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल की गई सफेद रंग की कार भी जब्त कर ली।
36 से ज्यादा आपराधिक मामले दर्ज
पुलिस जांच में सामने आया कि दीपू बावरिया एक शातिर अपराधी है। उसके खिलाफ चोरी, नकबजनी, वाहन चोरी समेत करीब 36 आपराधिक मामले पहले से दर्ज हैं। कई मामलों में अदालत से जारी स्थायी वारंट भी लंबित हैं।
गैंग के अन्य सदस्यों की तलाश जारी
पुलिस अब गिरोह के फरार सदस्यों की तलाश में जुटी है। अधिकारियों का कहना है कि गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ के आधार पर अन्य वारदातों का भी खुलासा होने की संभावना है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि गिरोह ने जयपुर और आसपास के क्षेत्रों में किन-किन स्थानों पर चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया है।पुलिस का कहना है कि जल्द ही गिरोह के बाकी सदस्यों को भी गिरफ्तार कर पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जाएगा।
