डॉ. मोहन यादव का भीलवाड़ा दौरा, सनातन मंगल महोत्सव और दीक्षा दान समारोह में लिया हिस्सा
राजस्थान के वरिष्ठ समाजसेवी और नेता डॉ. मोहन यादव गुरुवार को एक दिवसीय दौरे पर भीलवाड़ा पहुंचे। उनका स्वागत पुलिस लाइन हेलीपैड पर जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने किया। इस अवसर पर जिले के कई प्रशासनिक अधिकारी और स्थानीय प्रतिनिधि मौजूद रहे।
डॉ. मोहन यादव ने इसके बाद हरी सेवा उदासीन आश्रम परिसर का दौरा किया, जहां उन्होंने सनातन मंगल महोत्सव और दीक्षा दान समारोह में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने संतों का आशीर्वाद लिया और विभिन्न धार्मिक गतिविधियों में भाग लिया।
समारोह में उपस्थित लोगों ने कहा कि डॉ. मोहन यादव का यह दौरा धार्मिक और सामाजिक क्षेत्र में समर्पित कार्यों की सराहना का प्रतीक है। उनका कहना था कि ऐसे कार्यक्रम न केवल आध्यात्मिक जागरूकता बढ़ाते हैं, बल्कि स्थानीय लोगों को सामाजिक समरसता और सहयोग का संदेश भी देते हैं।
आश्रम के सदस्यों और संतों ने भी डॉ. मोहन यादव का स्वागत किया और उन्हें सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि दीक्षा दान और धार्मिक आयोजनों में भाग लेने से सामाजिक और सांस्कृतिक मूल्यों को मजबूती मिलती है।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने बताया कि डॉ. मोहन यादव का दौरा भीलवाड़ा के लिए धार्मिक, सामाजिक और सांस्कृतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण रहा। उन्होंने यह भी कहा कि इस तरह के दौरे से स्थानीय समुदाय के बीच सहयोग और सामंजस्य को बढ़ावा मिलता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि समाजसेवी और नेता द्वारा ऐसे आयोजनों में भाग लेना धार्मिक जागरूकता और सामाजिक जिम्मेदारी दोनों को दर्शाता है। इससे स्थानीय लोगों में सकारात्मक ऊर्जा और सामाजिक सहभागिता बढ़ती है।
डॉ. मोहन यादव ने आश्रम परिसर में बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों से संवाद किया और उन्हें सांस्कृतिक और आध्यात्मिक गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि समाज में शांति, सद्भाव और नैतिक मूल्यों की स्थापना के लिए ऐसे कार्यक्रमों का आयोजन आवश्यक है।
अंततः, डॉ. मोहन यादव का भीलवाड़ा दौरा धार्मिक और सामाजिक क्षेत्र में सक्रियता का उदाहरण साबित हुआ। उनका आश्रम में शामिल होना और संतों का आशीर्वाद लेना न केवल स्थानीय समुदाय के लिए प्रेरणा का स्रोत बना, बल्कि सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक जागरूकता को भी बढ़ावा दिया।
