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डोटासरा का किरोड़ी लाल मीणा पर पलटवार, वीडियो में बोले- ‘गहलोत के पैरों में गिरकर मुकदमे हटाने की गुहार लगाई थी’

डोटासरा का किरोड़ी लाल मीणा पर पलटवार, वीडियो में बोले- ‘गहलोत के पैरों में गिरकर मुकदमे हटाने की गुहार लगाई थी’
 
डोटासरा का किरोड़ी लाल मीणा पर पलटवार, वीडियो में बोले- ‘गहलोत के पैरों में गिरकर मुकदमे हटाने की गुहार लगाई थी’

राजस्थान सरकार ने जयपुर स्थित सचिवालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त करते हुए आम लोगों की आवाजाही, फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी को लेकर नई पाबंदियां लागू की हैं। कार्मिक विभाग ने इस संबंध में एक सर्कुलर जारी कर सभी नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

सचिवालय घोषित हुआ ‘नो-फोटोग्राफी जोन’

कार्मिक विभाग की सचिव Archana Singh की ओर से जारी सर्कुलर के अनुसार सचिवालय परिसर को ‘नो-फोटोग्राफी जोन’ घोषित किया गया है। बिना पूर्व अनुमति के परिसर में किसी भी प्रकार की फोटो या वीडियो बनाना दंडनीय माना जाएगा। सर्कुलर में स्पष्ट किया गया है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है और मामला दर्ज किया जा सकता है।

आम लोगों की एंट्री पर भी समयबद्ध प्रतिबंध

नई व्यवस्था के तहत सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों को छोड़कर अन्य लोगों की सचिवालय में एंट्री निर्धारित समय के अनुसार ही होगी। आम नागरिकों को कार्यालय समय शुरू होने से पहले और समाप्त होने के बाद सचिवालय में प्रवेश की अनुमति नहीं होगी।

अस्थायी पास धारकों के लिए विशेष नियम

सर्कुलर के अनुसार अस्थायी पास पर सचिवालय में आने वाले लोगों को सुबह 9:30 बजे से पहले और शाम 6 बजे के बाद प्रवेश नहीं दिया जाएगा। इसके अलावा अवकाश और सरकारी छुट्टियों के दिनों में भी अस्थायी पास धारकों की एंट्री पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी।

सुरक्षा और गोपनीयता को लेकर उठाया कदम

सरकार का कहना है कि सचिवालय राज्य प्रशासन का संवेदनशील केंद्र है। सुरक्षा, गोपनीय दस्तावेजों की रक्षा और प्रशासनिक कार्यों में व्यवधान रोकने के उद्देश्य से यह कदम उठाया गया है।

सभी विभागों को दिए गए निर्देश

कार्मिक विभाग ने सचिवालय के सभी विभागों और सुरक्षा एजेंसियों को निर्देश दिए हैं कि नए नियमों का सख्ती से पालन कराया जाए। प्रवेश द्वारों पर निगरानी बढ़ाने और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया है। सरकार के इस फैसले के बाद सचिवालय परिसर में सुरक्षा व्यवस्था और प्रवेश नियंत्रण पहले से अधिक सख्त हो जाएगा।