गर्मी बढ़ते ही कूलर-एसी के दामों में उछाल, राजस्थान के इलेक्ट्रॉनिक्स बाजार पर दिखा असर
गर्मी का मौसम शुरू होते ही राजस्थान के इलेक्ट्रॉनिक्स बाजार में कूलर और एसी की कीमतों में अचानक बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। तापमान बढ़ने के साथ ही जहां इन उत्पादों की मांग तेज हुई है, वहीं कच्चे माल की कीमतों में वृद्धि और अंतरराष्ट्रीय बाजार के हालात का असर अब स्थानीय बाजारों पर भी साफ दिखाई देने लगा है।
व्यापारियों के अनुसार, इस बार गर्मी की शुरुआत से ही एयर कंडीशनर (एसी), कूलर और अन्य कूलिंग उपकरणों की बिक्री में तेजी आई है। हालांकि, मांग बढ़ने के साथ-साथ इनकी कीमतों में भी 5 से 15 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है, जिससे आम उपभोक्ताओं की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है।
राजस्थान के प्रमुख शहरों जैसे जयपुर, जोधपुर और कोटा में इलेक्ट्रॉनिक्स बाजारों में ग्राहक लगातार बढ़ रहे हैं, लेकिन महंगाई के कारण कई लोग खरीदारी टालने पर मजबूर हैं। दुकानदारों का कहना है कि इस साल एसी की शुरुआती कीमतें पिछले साल की तुलना में अधिक हैं, जिसका मुख्य कारण कॉपर, एल्युमिनियम और अन्य इलेक्ट्रॉनिक पार्ट्स की लागत में वृद्धि है।
व्यापार विशेषज्ञों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय सप्लाई चेन में उतार-चढ़ाव और कच्चे माल की महंगाई ने उत्पादन लागत बढ़ा दी है, जिसका सीधा असर अंतिम उत्पाद की कीमतों पर पड़ रहा है। इसके अलावा डॉलर की मजबूती और आयात लागत में वृद्धि भी एक बड़ा कारण मानी जा रही है।
स्थानीय विक्रेताओं के अनुसार, कूलर की मांग ग्रामीण क्षेत्रों में तेजी से बढ़ रही है, जबकि शहरी क्षेत्रों में एसी की बिक्री अधिक हो रही है। हालांकि, कीमतों में बढ़ोतरी के कारण ग्राहक बजट वाले मॉडल की ओर रुख कर रहे हैं।
उपभोक्ताओं का कहना है कि गर्मी के मौसम में बिना कूलिंग उपकरण के रहना मुश्किल हो जाता है, लेकिन लगातार बढ़ती कीमतें खरीदारी में बाधा बन रही हैं। कई लोग ईएमआई और ऑफर का सहारा लेकर खरीदारी कर रहे हैं।
विशेषज्ञों का यह भी कहना है कि यदि आने वाले हफ्तों में तापमान और बढ़ता है, तो कूलिंग उपकरणों की मांग और अधिक बढ़ सकती है, जिससे कीमतों में और उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
फिलहाल बाजार में स्थिति यह है कि मांग अधिक और आपूर्ति सीमित होने के कारण कीमतों में तेजी का रुझान बना हुआ है, और इसका असर आने वाले दिनों में भी जारी रहने की संभावना है।
