जैसलमेर में शिक्षकों की कमी से नाराज छात्रों ने स्कूल पर लगाया ताला, ग्रामीणों ने भी किया प्रदर्शन
राजस्थान के जैसलमेर जिले के भणियाणा क्षेत्र के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय दूधली नाड़ी में शिक्षकों की कमी को लेकर शुक्रवार को छात्रों और ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन किया। नाराज विद्यार्थियों और ग्रामीणों ने स्कूल के मुख्य द्वार पर ताला लगा दिया और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग उठाई।प्रदर्शन कर रहे लोगों का कहना है कि कक्षा 12वीं तक संचालित इस विद्यालय में शिक्षकों के स्वीकृत 19 पदों के मुकाबले कई पद लंबे समय से खाली पड़े हैं। शिक्षकों की कमी के कारण विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है और परीक्षा की तैयारी में भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
छात्रों और ग्रामीणों ने बताया कि कई बार शिक्षा विभाग और प्रशासन को समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन इसके बावजूद शिक्षकों की नियुक्ति नहीं की गई। मजबूर होकर उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ा।स्कूल के मुख्य द्वार पर ताला लगाकर किए गए प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण और विद्यार्थी मौजूद रहे। उन्होंने शिक्षा विभाग के खिलाफ नाराजगी जताते हुए जल्द से जल्द रिक्त पदों को भरने की मांग की।
ग्रामीणों का कहना है कि सरकारी स्कूल में आसपास के कई गांवों के बच्चे पढ़ने आते हैं। शिक्षकों की कमी के कारण विद्यार्थियों का भविष्य प्रभावित हो रहा है। खासतौर पर बोर्ड कक्षाओं के छात्रों को सबसे ज्यादा परेशानी हो रही है।प्रदर्शन की सूचना मिलने के बाद प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और छात्रों व ग्रामीणों से बातचीत की। अधिकारियों ने उनकी समस्याओं को सुनकर जल्द समाधान का आश्वासन दिया।
वहीं, ग्रामीणों ने स्पष्ट कहा कि जब तक विद्यालय में पर्याप्त शिक्षकों की नियुक्ति नहीं की जाती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए स्थायी समाधान की मांग की है।
गौरतलब है कि प्रदेश के कई ग्रामीण क्षेत्रों में सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की कमी एक बड़ी समस्या बनी हुई है। इसके चलते समय-समय पर छात्र और अभिभावक विरोध प्रदर्शन करते रहे हैं। फिलहाल प्रशासन की ओर से मामले को शांत कराने का प्रयास किया जा रहा है। अब देखना होगा कि शिक्षा विभाग की ओर से रिक्त पदों को भरने के लिए कब तक कदम उठाया जाता है।
