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अलवर में खेत में मिला 10 फीट लंबा अजगर, ग्रामीणों में मचा हड़कंप; रेस्क्यू कर सरिस्का जंगल में छोड़ा

अलवर में खेत में मिला 10 फीट लंबा अजगर, ग्रामीणों में मचा हड़कंप; रेस्क्यू कर सरिस्का जंगल में छोड़ा
 
अलवर में खेत में मिला 10 फीट लंबा अजगर, ग्रामीणों में मचा हड़कंप; रेस्क्यू कर सरिस्का जंगल में छोड़ा

जिले के नटनी का बारा क्षेत्र के समीपवर्ती गांव घाटीतला साहरनपुरा में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक खेत में विशालकाय अजगर दिखाई दिया। करीब 10 फीट लंबे और 22 किलो वजनी अजगर को देखकर ग्रामीणों में डर का माहौल बन गया। खेत में काम कर रहे लोगों ने तुरंत इसकी सूचना आसपास के ग्रामीणों और स्नैक कैचर टीम को दी।

जानकारी के अनुसार, गांव घाटीतला साहरनपुरा के एक खेत में ग्रामीणों ने अचानक एक विशाल अजगर को देखा। अजगर खेत में पड़ा हुआ था और उसकी लंबाई देखकर लोग हैरान रह गए। मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीण एकत्र हो गए। हालांकि किसी ने अजगर को पकड़ने या उसके करीब जाने की कोशिश नहीं की और सावधानी बरतते हुए रेस्क्यू टीम को सूचना दी गई।

सूचना मिलते ही स्नैक कैचर और उनकी टीम मौके पर पहुंची। टीम ने काफी मशक्कत के बाद अजगर को सुरक्षित तरीके से पकड़ा। रेस्क्यू के दौरान अजगर को किसी तरह की चोट न पहुंचे, इसका विशेष ध्यान रखा गया। टीम ने अजगर को पकड़ने के बाद उसका वजन और लंबाई की जांच की, जिसमें वह करीब 10 फीट लंबा और 22 किलो वजनी पाया गया।

रेस्क्यू टीम ने बताया कि अजगर पूरी तरह स्वस्थ था। उसे पकड़ने के बाद वन विभाग के अधिकारियों से समन्वय कर सरिस्का के जंगल क्षेत्र में सुरक्षित स्थान पर छोड़ दिया गया। अजगर को प्राकृतिक वातावरण में छोड़े जाने के बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली।

ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में अक्सर जंगल से जुड़े जीव-जंतु दिखाई देते रहते हैं। खेत और जंगल के आसपास के इलाकों में वन्यजीवों की आवाजाही बनी रहती है। ऐसे में ग्रामीणों को सतर्क रहने की जरूरत है।

वन्यजीव विशेषज्ञों के अनुसार, अजगर जहरीला नहीं होता, लेकिन अपने आकार और ताकत के कारण यह खतरनाक हो सकता है। इसलिए इसे देखकर घबराने के बजाय तुरंत वन विभाग या विशेषज्ञ रेस्क्यू टीम को सूचना देनी चाहिए।

अलवर जिले में सरिस्का अभयारण्य के आसपास के इलाकों में समय-समय पर सांप और अन्य वन्यजीवों के रिहायशी क्षेत्रों में पहुंचने की घटनाएं सामने आती रहती हैं। वन विभाग लगातार लोगों से अपील करता है कि वन्यजीवों को नुकसान न पहुंचाएं और किसी भी आपात स्थिति में विशेषज्ञों की मदद लें।