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उदयपुर- अहमदाबाद हाईवे पर टैंकर पलटने के 10 घंटे बाद गैस रिसाव रुका, 50 किमी लंबा जाम

 
उदयपुर- अहमदाबाद हाईवे पर टैंकर पलटने के 10 घंटे बाद गैस रिसाव रुका, 50 किमी लंबा जाम

उदयपुर से अहमदाबाद जा रही नेशनल हाईवे 48 पर रतनपुर बॉर्डर के पास माताजी मंदिर के सामने एक टैंकर पलटने के बाद गैस रिसाव की गंभीर घटना सामने आई। घटना के कारण हाईवे पर ट्रैफिक पूरी तरह ठप हो गया और 50 किमी लंबा जाम केशरियाजी तक लग गया। टैंकर पलटने के लगभग 10 घंटे बाद गैस रिसाव को नियंत्रण में लाया जा सका।

सूत्रों के अनुसार, यह टैंकर रासायनिक पदार्थ ले जा रहा था। सुबह के समय टैंकर के पलटते ही तेज गैस का रिसाव शुरू हो गया। इसके कारण हाईवे के आसपास के क्षेत्रों में धुंध जैसी स्थिति बन गई और वाहन चालकों को सांस लेने में कठिनाई होने लगी। स्थानीय लोगों और राहगीरों ने तत्काल पुलिस और फायर ब्रिगेड को सूचना दी।

घटना के बाद एचएसवीपी, फायर ब्रिगेड और स्थानीय प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर हाईवे को बंद किया और आसपास के लोगों को सुरक्षित क्षेत्रों में स्थानांतरित किया। अधिकारियों ने बताया कि रिसाव रोकने में समय लगने का मुख्य कारण टैंकर में मौजूद रासायनिक गैस की प्रकृति थी।

स्थानीय पुलिस और प्रशासन ने हाईवे पर आने-जाने वाले वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्गों का संचालन किया, लेकिन जाम की लंबाई और भारी ट्रैफिक के कारण कई लोगों को रातभर हाईवे पर ही फंसना पड़ा। यात्रियों ने बताया कि कई घंटों तक वाहन धीरे-धीरे आगे बढ़ते रहे और लोगों ने सड़क किनारे ही रात बिताई।

फायर ब्रिगेड और गैस कंट्रोल टीम ने लगभग 10 घंटे की मशक्कत के बाद रिसाव को रोकने में सफलता पाई। टैंकर को सुरक्षित करने के बाद हाईवे को क्रमशः खोलना शुरू किया गया। अधिकारियों ने कहा कि जल्द ही हाईवे पूरी तरह से सामान्य स्थिति में लौट जाएगा।

विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं यात्रियों और स्थानीय लोगों के लिए बेहद खतरनाक होती हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि हाईवे पर भारी रासायनिक माल ले जाने वाले वाहनों के लिए सुरक्षा मानक और ट्रैकिंग सिस्टम को कड़ा किया जाना चाहिए। इससे ऐसी आपात स्थितियों में तेज प्रतिक्रिया दी जा सकेगी।

स्थानीय प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि आपात स्थिति में सुरक्षा उपाय अपनाएं और अफवाहों पर भरोसा न करें। उन्होंने कहा कि हाइड्रोकार्बन और रासायनिक गैस रिसाव की स्थिति में अपने वाहन से बाहर न निकलें और सुरक्षित दूरी बनाए रखें।

इस घटना से यह स्पष्ट हो गया है कि नेशनल हाईवे पर भारी वाहनों की सुरक्षा और निगरानी आवश्यक है। टैंकर पलटने और गैस रिसाव के कारण न केवल यात्रा प्रभावित हुई बल्कि कई यात्रियों की रातभर सुरक्षा पर भी सवाल खड़े हो गए।

इस प्रकार, रतनपुर बॉर्डर के पास टैंकर पलटने और गैस रिसाव की घटना ने हाईवे पर यात्रियों के लिए कठिनाइयाँ पैदा कर दी। प्रशासन और फायर ब्रिगेड की सतर्कता के कारण बड़ा हादसा टल गया, लेकिन इस घटना ने सड़क सुरक्षा और रासायनिक माल परिवहन की संवेदनशीलता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।