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Dausa दो माह पहले स्कूलों में मिल्क पाउडर तो पहुंचा, लेकिन पिलाने के आदेश अभी तक नहीं मिले

 

दौसा न्यूज़ डेस्क, दौसा सिकराय सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों में पोषण के लिए सरकार द्वारा इसी शिक्षण सत्र से लागू की गई मुख्यमंत्री बाल गोपाल योजना के अंतर्गत करीब दो माह पहले भिजवाए गए मिल्क पाउडर के डिब्बे स्कूलों की आलमारी एवं बक्सों में ही पैक रखे हुए हैं। लेकिन अभी तक सरकार दूध वितरण की डेट निर्धारित नहीं कर पाई है। शिक्षकों का कहना है कि 14 नवंबर को बाल दिवस पर योजना के शुभारंभ होना था, लेकिन ऊपर से कोई आदेश ही नहीं मिले, जिससे डिब्बों को खोला ही नहीं गया। मुख्यमंत्री ने राज्य बजट में बच्चों के पोषण के लिए बाल गोपाल योजना शुरू करने की घोषणा की थी। जिस पर जून माह में मिड डे मील आयुक्तालय ने योजना का क्रियान्वयन शुरू कर सितंबर माह में उपखंड के 267 सरकारी स्कूलों में नामांकित बच्चों की स्थिति के हिसाब से मिल्क पाउडर के कार्टन भिजवा दिए। मुख्यमंत्री बाल गोपाल योजनांतर्गत उपखंड के 267 स्कूलों में कक्षा एक से 8 तक नामांकित 23 हजार 423 बच्चों को सप्ताह में दो बार गर्म दूध तैयार कर पिलाने के लिए मिल्क पाउडर के कार्टन सितंबर माह के आखिरी वीक में भिजवाएं गए हैं। कार्टन में एक-एक किलो की पैकिंग के 5-5 पाउच हैं। मिल्क पाउडर पहुंचने के दो माह बाद भी सिकराय ब्लॉक के 13 हजार 407 एवं सिकंदरा ब्लॉक के 10 हजार 16 बच्चों को मिड डे मील कार्यक्रम में मिलने वाले दूध का इंतजार है

विभाग अधिकारियों ने स्कूल संस्था प्रधानों को मिल्क पाउडर को नमी से बचाने के लिए खुले में नहीं रखने, गर्म दूध तैयार करने सहित अन्य सावधानियां बरतने के लिए गाइडलाइन जारी की है। कक्षा 1 से 5 तक के बच्चों को 15 ग्राम एवं 6 से 8 के बच्चों को 20 ग्राम पाउडर का होगा उपयोग मुख्यमंत्री बाल गोपाल योजना में स्कूलों में भिजवाए गए मिल्क पाउडर के वितरण को लेकर भी मिड डे मील आयुक्त द्वारा गाइडलाइन जारी की गई है। जिसमें कक्षा 1 से 5 तक के बच्चों को 15 ग्राम पाउडर एवं 8.4 ग्राम चीनी से 150 एमएल तथा कक्षा 6 से 8 तक के बच्चों को 20 ग्राम मिल्क पाउडर व 10.2 ग्राम चीनी का मिश्रण कर 200 एमएल गर्म दूध तैयार कर सप्ताह दो बार मंगलवार एवं शुक्रवार को पिलाया जाएगा। लेकिन कब से पिलाया जाएगा, यह अभी तक निर्धारित नहीं है। मिड डे मील ब्लॉक प्रभारी चेतराम मीना का कहना है कि बजट घोषणा के बाद जून माह से शुरू की गई मुख्यमंत्री बाल गोपाल योजना के अंतर्गत बच्चों को गर्म दूध तैयार पिलाने का शुभारंभ 15 अगस्त से किए जाने की संभावनाएं थी, लेकिन तब स्कूलों में मिल्क पाउडर की सप्लाई नहीं हो पाई थी। इसके बाद बाल दिवस 14 नवंबर का सुनने में आया था। इस बीच सप्लाई तो हो गई, लेकिन ऊपर से आदेश नहीं मिलने की वजह से बच्चों को दूध का वितरण नहीं हो सका। उपखंड के सभी स्कूलों को मिल्क पाउडर के कार्टन सुरक्षित रखवा दिए गए हैं, जैसे ही आदेश आएंगे, दूध पिलाने का काम भी शुरू हो जाएगा।