Aapka Rajasthan

सांवलिया सेठ के दरबार में बरसा आस्था का धन, तीन राउंड में निकले 24.24 करोड़ रुपए; गिनती अभी जारी

 
सांवलिया सेठ के दरबार में बरसा आस्था का धन, तीन राउंड में निकले 24.24 करोड़ रुपए; गिनती अभी जारी

मेवाड़ के प्रसिद्ध कृष्णधाम श्री सांवलियाजी मंदिर में श्रद्धालुओं की आस्था एक बार फिर दान के रूप में देखने को मिली है। भगवान सांवलिया सेठ के भंडार की चल रही गणना में अब तक करोड़ों रुपए की दान राशि सामने आ चुकी है। भंडार की गिनती के तीन राउंड पूरे हो गए हैं, जिनमें अब तक 24 करोड़ 24 लाख 13 हजार रुपए की नकद राशि प्राप्त हुई है। वहीं, अभी गणना का काम जारी है, ऐसे में दान राशि का आंकड़ा और बढ़ने की संभावना है।

जानकारी के अनुसार, श्री सांवलियाजी मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाई गई भेंट की गणना निर्धारित प्रक्रिया के तहत की जा रही है। मंदिर मंडल के अधिकारियों और कर्मचारियों की मौजूदगी में भंडार खोला गया, जिसके बाद चरणबद्ध तरीके से नोटों की गिनती शुरू की गई। तीन राउंड की गणना पूरी होने के बाद सामने आए आंकड़े ने एक बार फिर भक्तों की अटूट श्रद्धा को दर्शाया है।

श्री सांवलिया सेठ मंदिर राजस्थान के सबसे प्रसिद्ध धार्मिक स्थलों में शामिल है। यहां देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं और अपनी मनोकामना पूरी होने पर भगवान के चरणों में भेंट अर्पित करते हैं। भक्तों की इसी आस्था के कारण मंदिर में हर बार भंडार खुलने पर करोड़ों रुपए की दान राशि प्राप्त होती है।

मंदिर प्रशासन के अनुसार, नकद राशि के अलावा सोने-चांदी के आभूषण और अन्य वस्तुओं के रूप में भी श्रद्धालुओं द्वारा भेंट चढ़ाई जाती है। इनकी गणना और मूल्यांकन की प्रक्रिया भी नियमानुसार की जाती है। मंदिर की व्यवस्थाओं, विकास कार्यों और धार्मिक गतिविधियों में दान राशि का उपयोग किया जाता है।

भंडार गणना के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के भी विशेष इंतजाम किए गए हैं। मंदिर प्रशासन की निगरानी में पूरी प्रक्रिया पारदर्शिता के साथ पूरी की जा रही है। अधिकारियों और कर्मचारियों की टीम लगातार नोटों की गिनती और रिकॉर्ड तैयार करने में जुटी हुई है।

श्रद्धालुओं का मानना है कि सांवलिया सेठ के प्रति लोगों की आस्था दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है। देश के विभिन्न हिस्सों से भक्त यहां पहुंचकर भगवान के दर्शन करते हैं और अपनी श्रद्धा के अनुसार दान करते हैं। यही वजह है कि मंदिर में मिलने वाली भेंट राशि लगातार बढ़ती जा रही है।

फिलहाल भंडार की गणना अभी पूरी नहीं हुई है। आने वाले दिनों में अन्य राउंड की गिनती के बाद कुल दान राशि का अंतिम आंकड़ा सामने आएगा। मंदिर प्रशासन और श्रद्धालुओं की नजर अब अंतिम गणना पर बनी हुई है। सांवलिया सेठ के दरबार में उमड़ी यह आस्था एक बार फिर धार्मिक विश्वास और भक्ति की ताकत को दर्शा रही है।