Aapka Rajasthan

15 लाख में मकान खरीदकर लगाई MD फैक्ट्री पकड़ी, मध्यप्रदेश से ऑपरेट कर रहा था तस्कर; एसपी ने ASI-कॉन्स्टेबल को किया सस्पेंड

 
15 लाख में मकान खरीदकर लगाई MD फैक्ट्री पकड़ी, मध्यप्रदेश से ऑपरेट कर रहा था तस्कर; एसपी ने ASI-कॉन्स्टेबल को किया सस्पेंड

राजस्थान में मादक पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। जिले में 15 लाख रुपए में मकान खरीदकर उसमें एमडी ड्रग्स (MD) फैक्ट्री चलाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पुलिस ने फैक्ट्री का भंडाफोड़ करते हुए भारी मात्रा में नशीला पदार्थ और केमिकल बरामद किए हैं। चौंकाने वाली बात यह है कि इस अवैध धंधे को मध्यप्रदेश से बैठकर एक तस्कर ऑपरेट कर रहा था।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार आरोपी तस्कर ने सुनियोजित तरीके से रिहायशी इलाके में मकान खरीदा, ताकि किसी को शक न हो। बाहर से यह मकान सामान्य नजर आ रहा था, लेकिन अंदर एमडी ड्रग्स बनाने की पूरी फैक्ट्री संचालित की जा रही थी। फैक्ट्री में ड्रग्स बनाने के लिए इस्तेमाल होने वाले केमिकल, उपकरण और तैयार एमडी बरामद की गई है। प्राथमिक जांच में सामने आया है कि यहां से तैयार की गई एमडी को अलग-अलग जिलों और राज्यों में सप्लाई किया जाना था।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक ने पूरे घटनाक्रम की जांच के आदेश दिए। जांच के दौरान यह भी सामने आया कि स्थानीय स्तर पर पुलिस की लापरवाही के चलते यह फैक्ट्री लंबे समय तक संचालित होती रही। इसी लापरवाही के चलते एसपी ने एक एएसआई और एक कॉन्स्टेबल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। दोनों पर आरोप है कि क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी होने के बावजूद उन्होंने उच्च अधिकारियों को समय पर सूचना नहीं दी।

एसपी ने साफ शब्दों में कहा कि नशे के कारोबार में किसी भी स्तर पर लापरवाही या मिलीभगत बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस महकमे में स्पष्ट संदेश दिया गया है कि यदि कोई भी अधिकारी या कर्मचारी इस तरह के मामलों में संलिप्त पाया गया या लापरवाही बरतेगा, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि इस नेटवर्क से और कौन-कौन लोग जुड़े हुए हैं। मध्यप्रदेश में बैठे मुख्य तस्कर की भूमिका को लेकर भी अलग से टीम गठित की गई है। पुलिस का मानना है कि यह अंतरराज्यीय ड्रग्स नेटवर्क का हिस्सा हो सकता है, जिसके तार अन्य राज्यों से भी जुड़े हो सकते हैं।

फिलहाल पुलिस ने फैक्ट्री को सील कर दिया है और जब्त किए गए मादक पदार्थों की मात्रा और बाजार कीमत का आकलन किया जा रहा है। इस कार्रवाई को नशे के खिलाफ पुलिस की बड़ी कामयाबी माना जा रहा है, वहीं पुलिस विभाग में हुई निलंबन की कार्रवाई ने महकमे में हड़कंप मचा दिया है।