Aapka Rajasthan

बूंदी के कापरेन में मेघवाल समाज का सामूहिक विवाह सम्मेलन, अक्षय तृतीया पर 13 जोड़े परिणय सूत्र में बंधे

 
बूंदी के कापरेन में मेघवाल समाज का सामूहिक विवाह सम्मेलन, अक्षय तृतीया पर 13 जोड़े परिणय सूत्र में बंधे

राजस्थान के बूंदी जिले के कापरेन क्षेत्र में अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर सत्ताईसया मेघवाल समाज द्वारा सामूहिक विवाह सम्मेलन का आयोजन किया गया। यह आयोजन रोटेदा रोड स्थित बालाजी की बगीची मंदिर परिसर में पारंपरिक रीति-रिवाजों और धार्मिक विधि-विधान के साथ संपन्न हुआ।

इस सामूहिक विवाह सम्मेलन में कुल 13 जोड़ों ने एक साथ सात फेरे लेकर वैवाहिक जीवन की नई शुरुआत की। पूरे आयोजन के दौरान वातावरण धार्मिक उत्साह और पारंपरिक संस्कृति से सराबोर रहा। मंत्रोच्चार के बीच विवाह संस्कार संपन्न कराए गए, जिसमें परिजनों और समाज के लोगों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में समाज के लोग, बुजुर्ग, महिलाएं और युवा शामिल हुए। सभी ने नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद दिया और उनके सुखद वैवाहिक जीवन की कामना की। आयोजन समिति ने बताया कि सामूहिक विवाह का उद्देश्य समाज में फिजूलखर्ची को कम करना और सामाजिक एकता को बढ़ावा देना है।

अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर आयोजित यह विवाह सम्मेलन विशेष रूप से इसलिए भी महत्वपूर्ण माना गया, क्योंकि इस दिन को बिना मुहूर्त के भी विवाह के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। इसी परंपरा के तहत समाज के कई परिवारों ने अपने बच्चों का विवाह सामूहिक रूप से संपन्न कराया।

आयोजकों ने बताया कि इस तरह के आयोजन से न केवल आर्थिक बोझ कम होता है, बल्कि समाज में आपसी सहयोग और भाईचारे की भावना भी मजबूत होती है। साथ ही, यह परंपरा सामाजिक सुधार की दिशा में एक सकारात्मक कदम है।

कार्यक्रम के अंत में नवविवाहित जोड़ों को उपहार और आशीर्वाद प्रदान किए गए तथा सभी के लिए सामूहिक भोज का भी आयोजन किया गया।

इस आयोजन को लेकर पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल रहा और इसे सफल सामाजिक पहल के रूप में सराहा गया।