उमंग संस्थान का 14वां स्थापना दिवस पर्यावरणीय सरोकारों के साथ मनाया गया
उमंग संस्थान ने अपना 14वां स्थापना दिवस इस बार पर्यावरणीय सरोकारों और सामाजिक जागरूकता के संदेश के साथ मनाया। कार्यक्रम का उद्देश्य भावी पीढ़ी को प्रकृति संरक्षण और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी का संदेश देना रहा।
इस अवसर पर कई रचनात्मक और जागरूकता से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए गए। इनमें श्रमदान, पोस्टर प्रतियोगिता और पक्षी संरक्षण हेतु परिंडा वितरण प्रमुख आकर्षण रहे।
श्रमदान कार्यक्रम के तहत संस्थान के सदस्यों और विद्यार्थियों ने मिलकर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में सफाई अभियान चलाया। इस दौरान स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया।
पोस्टर प्रतियोगिता में बच्चों और युवाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और अपने चित्रों के माध्यम से जल संरक्षण, वृक्षारोपण और प्रदूषण नियंत्रण जैसे विषयों को प्रभावी रूप से प्रस्तुत किया।
इसके साथ ही पक्षी संरक्षण के उद्देश्य से परिंडा वितरण कार्यक्रम भी आयोजित किया गया, जिसमें लोगों को गर्मी के मौसम में पक्षियों के लिए पानी की व्यवस्था करने हेतु प्रेरित किया गया।
संस्थान के पदाधिकारियों ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण आज की सबसे बड़ी आवश्यकता है और समाज के हर वर्ग को इसमें अपनी भागीदारी निभानी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि छोटे-छोटे प्रयास मिलकर बड़े बदलाव ला सकते हैं।
कार्यक्रम में मौजूद अतिथियों ने उमंग संस्थान के प्रयासों की सराहना की और कहा कि इस तरह की गतिविधियां समाज में जागरूकता फैलाने के साथ-साथ नई पीढ़ी को जिम्मेदार नागरिक बनने की दिशा में प्रेरित करती हैं।
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों को सम्मानित किया गया और पर्यावरण संरक्षण की शपथ भी दिलाई गई।
