राजस्थान में खेजड़ी वृक्ष की कटाई पर पूर्ण प्रतिबंध, ट्री प्रोटेक्शन एक्ट लाने की तैयारी
राजस्थान सरकार ने पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए राज्य के राजकीय वृक्ष खेजड़ी की कटाई पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने विधानसभा में इस संबंध में सख्त रुख अपनाते हुए ‘ट्री प्रोटेक्शन एक्ट’ लाने का आश्वासन दिया है।
सरकार का यह निर्णय प्रदेश में तेजी से घटते हरित क्षेत्र और पर्यावरणीय असंतुलन को देखते हुए लिया गया है। खेजड़ी वृक्ष को राजस्थान की पारंपरिक और पारिस्थितिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है, जो विशेष रूप से मरुस्थलीय क्षेत्रों में जीवन का आधार है।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि खेजड़ी के संरक्षण को लेकर प्रशासनिक स्तर पर कड़ी जिम्मेदारी तय की जाएगी। इसके तहत संबंधित पटवारी, तहसीलदार और पुलिस अधिकारियों की सीधी जवाबदेही सुनिश्चित की जाएगी। यदि कहीं भी अवैध कटाई होती है तो संबंधित अधिकारियों पर कार्रवाई की जाएगी।
सरकार द्वारा प्रस्तावित ‘ट्री प्रोटेक्शन एक्ट’ के माध्यम से पेड़ों की अवैध कटाई को रोकने के लिए सख्त कानूनी प्रावधान लागू किए जाएंगे। इससे न केवल खेजड़ी बल्कि अन्य महत्वपूर्ण वृक्षों के संरक्षण को भी मजबूती मिलेगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि खेजड़ी वृक्ष पर्यावरण संतुलन बनाए रखने, मिट्टी की उर्वरता बढ़ाने और पशुओं के लिए चारे के रूप में अत्यंत उपयोगी है। ऐसे में इसके संरक्षण के लिए उठाया गया यह कदम लंबे समय में सकारात्मक परिणाम देगा।
सरकार के इस फैसले का पर्यावरण प्रेमियों और आम लोगों ने स्वागत किया है और उम्मीद जताई जा रही है कि इससे प्रदेश में हरियाली को बढ़ावा मिलेगा और प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण सुनिश्चित हो सकेगा।
