बीकानेर में नशा तस्करों पर बड़ी कार्रवाई: 1.41 करोड़ रुपए की संपत्ति फ्रीज, ऑपरेशन नीलकंठ के तहत पुलिस का शिकंजा
बीकानेर पुलिस ने नशे के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन नीलकंठ के तहत बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने नशा तस्करी से अर्जित की गई अवैध संपत्तियों पर कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों की करीब 1 करोड़ 41 लाख 85 हजार रुपए की संपत्ति फ्रीज करवाई है। यह कार्रवाई एनडीपीएस एक्ट की धारा 68एफ के तहत की गई है।
पुलिस के अनुसार, नशे के कारोबार से जुड़े आरोपियों की अवैध कमाई और उससे बनाई गई संपत्तियों की पहचान कर उन्हें कानूनी प्रक्रिया के तहत फ्रीज कराया गया है। इस कार्रवाई का उद्देश्य नशा तस्करों की आर्थिक कमर तोड़ना और ड्रग्स के कारोबार से होने वाले आर्थिक लाभ को रोकना है। ऑपरेशन नीलकंठ के तहत बीकानेर पुलिस लगातार नशे के खिलाफ अभियान चला रही है। पुलिस की ओर से नशे की तस्करी करने वाले आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ ही उनकी संपत्तियों की भी जांच की जा रही है। इसी क्रम में तीन आरोपियों की संपत्तियों का पता लगाया गया और करीब 1.41 करोड़ रुपए की संपत्ति फ्रीज करवाई गई।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, एनडीपीएस एक्ट की धारा 68एफ के तहत यह कार्रवाई की गई है। इस प्रावधान के तहत मादक पदार्थों की तस्करी से अर्जित संपत्तियों पर कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। पुलिस अब ऐसे अन्य आरोपियों की संपत्तियों की भी जांच कर रही है, जिनके खिलाफ नशा तस्करी से जुड़े मामले दर्ज हैं।बताया जा रहा है कि कार्रवाई में सदर थाना क्षेत्र से जुड़े आरोपियों की संपत्तियां भी शामिल हैं। पुलिस की जांच में सामने आया कि आरोपियों ने नशे के अवैध कारोबार से अर्जित धन का इस्तेमाल संपत्ति बनाने में किया था। इसके बाद संबंधित संपत्तियों को चिह्नित कर फ्रीज करने की कार्रवाई की गई।
पुलिस का कहना है कि नशे के कारोबार के खिलाफ सिर्फ गिरफ्तारी तक कार्रवाई सीमित नहीं रहेगी। तस्करों की अवैध कमाई और संपत्तियों पर भी लगातार कार्रवाई की जाएगी। इससे नशे के नेटवर्क से जुड़े लोगों को आर्थिक रूप से कमजोर किया जा सकेगा।बीकानेर पुलिस की इस कार्रवाई से नशा तस्करों में हड़कंप मचने की उम्मीद है। ऑपरेशन नीलकंठ के तहत आने वाले दिनों में भी नशे के खिलाफ कार्रवाई जारी रहने की बात कही गई है। पुलिस का लक्ष्य नशे की तस्करी पर रोक लगाने के साथ इस कारोबार से जुड़े आर्थिक नेटवर्क को भी खत्म करना है।
