भीलवाड़ा में महिलाओं का प्रदर्शन, नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर जताया विरोध
जिले में महिलाओं ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान बड़ी संख्या में महिलाओं ने एकत्र होकर अपनी नाराजगी जाहिर की और विभिन्न मांगों को लेकर आवाज उठाई।
प्रदर्शन के दौरान महिलाओं ने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री के खिलाफ नारेबाजी की। उनका कहना था कि महिलाओं के सशक्तिकरण के नाम पर बनाए गए कानूनों का वास्तविक लाभ जमीनी स्तर तक नहीं पहुंच रहा है। महिलाओं ने आरोप लगाया कि कई योजनाएं सिर्फ कागजों तक सीमित रह जाती हैं, जबकि वास्तविक समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं।
प्रदर्शन में शामिल महिलाओं ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर अपनी असहमति जताते हुए कहा कि केवल कानून बनाने से महिलाओं की स्थिति में सुधार नहीं होगा, बल्कि इसके प्रभावी क्रियान्वयन की जरूरत है। उन्होंने रोजगार, सुरक्षा और सामाजिक सम्मान जैसे मुद्दों को भी प्रमुखता से उठाया।
इस दौरान महिलाओं ने हाथों में पोस्टर और बैनर लेकर अपनी बात रखी। कई महिलाओं ने कहा कि उन्हें शिक्षा, रोजगार और सुरक्षा से जुड़ी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है, जिन पर सरकार को गंभीरता से ध्यान देना चाहिए।
नारी शक्ति वंदन अधिनियम का उद्देश्य महिलाओं को राजनीति में अधिक प्रतिनिधित्व देना है, जिसमें लोकसभा और विधानसभा में महिलाओं के लिए आरक्षण का प्रावधान किया गया है।
प्रदर्शन के दौरान प्रशासन की ओर से स्थिति पर नजर रखी गई और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात रहा। कार्यक्रम शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ।
महिलाओं ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो आने वाले समय में आंदोलन को और तेज किया जाएगा। उन्होंने सरकार से ठोस कदम उठाने और महिलाओं से जुड़े मुद्दों के समाधान की मांग की।
